फिरोजाबाद। बुधवार को निषाद जागृति सेवा संघर्ष समिति के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री के नाम तहसीलदार को ज्ञापन देकर अनुसूचित जाति का प्रमाण पत्र दिलवाए जाने की मांग की। प्रमाण पत्र न मिलने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। हंगामे के बाद कार्यक्रम को स्थगित कर दिया गया।
निषाद समाज के लोगों ने दिया ज्ञापन
बुधवार दोपहर निषाद समाज के लोग एकजुट होकर तहसील पहुंचे। जहां उन्होंने मुख्यमंत्री के नाम तहसीलदार राजेश कुमार वर्मा को ज्ञापन देकर मल्लाह, माझी, केवट, मुजवीर जातियों को मझवार जाति के नाम से प्रमाण पत्र जारी कराए जाने की मांग की। समिति अध्यक्ष महेन्द्र सिंह निषाद ने कहा कि यह सभी जातियां एक ही हैं। इन जातियों को मझवार के नाम से प्रमाण पत्र जारी किए जाने चाहिए। अभी तक इन जातियों को ओबीसी वर्ग में रखा गया है लेकिन वास्तव में यह सभी जातियां मझवार जाति की हैं। इन्हें अनुसूचित जाति में दर्ज कर प्रमाण पत्र निर्गत किए जाने चाहिए।
पिछड़ा हुआ है निषाद समाज
निषाद समाज काफी पिछड़ा हुआ है। इस समाज के लोगों को आरक्षण की आवश्यकता है। वह मझवार जाति के नाम से प्रमाण पत्र जारी करके ही दिया जा सकता है। यदि अनुसूचित जाति का प्रमाण पत्र जारी नहीं किया गया तो मजबूरन उन्हें आंदोलन के लिए विवश होना पड़ेगा। इसकी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी। ज्ञापन देने वालों में उपाध्यक्ष गंगाराम, मीडिया प्रभारी नरायन शास्त्री, महासचिव तोताराम निषाद, सचिव प्रमोद निषाद आदि मौजूद रहे।