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डेढ़ साल बाद बेेटे को बगैर पुलिस की मदद के इस तरह खोजा पिता ने

दिल्ली का रहने वाले पुनीत डेढ़ साल पहले अपने परिजनों से बिछड़ गया था
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गाज़ियाबाद

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Virendra Kumar Sharma

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Updated: 6 Sep 2018, 2:44 PM IST

munna

डेढ़ साल बाद बेेटे को बगैर पुलिस की मदद के इस तरह खोजा पिता ने

गाजियाबाद. दिल्ली का रहने वाले पुनीत डेढ़ साल पहले अपने परिजनों से बिछड़ गया था । वह अचानक घर से लापता हो गया था। परिजनों ने उसकी काफी तलाश की। लेकिन उसका कोई सुराग नहीं लगा। लंबे समय तक खोजने के बाद में सुराग नहीं लगा तो परिजनों की उम्मीद खत्म होने लगी थी। लेकिन एक दिन उन्हें एक ऐसी सूचना मिली कि आंखों में आंसु आ गए। परिजनों की माने तो देश के कई राज्यों में उसकी छानबीन की गई थी। दर-दर ठोकर खाने के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं लग रहा था। डेढ़ साल बाद पुनीत अपने परिवार के लोगों के बीच में पहुंच गया और काफी खुशी है।

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जानकारी के अनुसार दिल्ली के करावल नगर का रहने वाला 29 वर्षीय पुनीत पुत्र राकेश कुमार डेढ़ साल पहले घर से अचानक लापता हो गया था। पुनीत का परिवार मूलरुप से उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ का रहने वाला है। पुनीत के पिता दिल्ली के करावल नगर में सब्जी विक्रेता है। कई साल से राकेश दिल्ली में अपने परिवार के साथ रह रहे है। बताया गया है कि पुनीत के लापता होने के बाद में परिजनों ने उसकी काफी तलाश की। लेकिन उसका कोई सुराग नहीं लगा। परिजनों ने उसकी तलाश में खुद ही जगह—जगह पोस्टर भी लगवाएं।

प्रेरणा सेवा वृद्ध आश्रम के आचार्य तरुण मानव ने बताया कि डेढ़ साल पहले पुनीत गाजियाबाद के एसपी सिटी के आॅफिस के सामने उन्हें मिला था। उसकी हालत काफी खराब थी। हालाकि पुनीत मानसिक रुप से विक्षिप्त है। मानसिक रुप से विक्षिप्त होने की वजह से वह घर का पता नहीं बता पा रहा था। उन्होंने बताया कि डेढ़ साल पहले उसकी ऐसी हालत थी कि वह ठीक से नहीं बोल पा रहा था। साथ ही चलने—फिरने में सक्षम नहीं था। उसका काफी इलाज भी आश्रम की तरफ से कराया गया। उपचार के बाद में वह ठीक हो गया। उसके बाद भी घर का पता नहीं बता रहा था। उन्होंने बताया कि उसके परिजनों को तलाशने में काफी दिक्कतें हो रही थी। इस दौरान उन्होंने अखबार में पुनीत की फोटो छपवाई। इसकी वजह से प्रेरणा सेवा वृद्ध आश्रम तक परिजन पहुंच गए। परिजनों को देखकर पुनीत भी खुशी से झूम उठा।

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