
jam in ramgarh
थानान्तर्गत ग्राम ललावंडी से दो माह पूर्व लापता हुई किशोरी की बरामदगी की मांग को लेकर शुक्रवार को परिजनों ने कस्बे के बस स्टैण्ड पर जाम लगा दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने समझाइश का प्रयास किया, लेकिन नहीं मानने पर सात जनों को शांतिभंग में गिरफ्तार किया गया। हालांकि बाद में उन्हें पाबंद कर छोड़ दिया गया।
मामले में ललावंडी निवासी किशोरी के परिजनों ने बताया कि उनकी बेटी रामगढ़ के एक निजी विद्यालय में पढ़ती थी। गत दो माह पूर्व ग्राम से पढऩे के लिए गई लेकिन वापस घर नहीं पहुंची। परिजनों ने मामले में ग्राम मौजपुर निवासी एक युवक व उनके परिजनों के हाथ होने की सूचना पुलिस को दी।
परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने उनकी बेटी की बरामदगी के लिए गंभीर प्रयास नहीं किए। इसी बात को लेकर परिजन गुरुवार को पुलिस से मिले थे। इस पर पुलिस ने थाने बुलाकर दो जनों से पूछताछ भी की थी।
शुक्रवार को परिजनों सहित तीन दर्जन लोगों ने रामगढ़ बस स्टैण्ड पर जाम लगा दिया। सूचना मिलते ही मौके पर पुलिस ने पहुंचकर परिजनों को समझाया, लेकिन वे किशोरी की बरामदगी के पश्चात ही सड़क से हटने पर अड़ गए। इस पर पुलिस ने अशोक कुमार, रवि कुमार, देवराज, मोहनलाल, प्रेम, रानी व गुड्डी देवी को शांतिभंग में गिरफ्तार कर बीस मिनट बाद जाम खुलवाया।
इसके बाद उन्हें उपखण्ड अधिकारी के समक्ष पेश किया गया, जहां उन्हें पाबन्द कर छोड़ दिया गया। हालांकि पीडि़त पक्ष ने पुलिस पर मारपीट करने का आरोप भी लगाया है।
बरामदगी के प्रयास जारी
मामले में रामगढ़ थानाधिकारी सुरेन्द्र कुमार का कहना है पीडि़त पक्ष ने किशोरी के लापता होने की जानकारी गुरुवार को दी थी। मामला दो-तीन माह पुराना है। किशोरी की बरामदगी के प्रयास जारी हैं। पुलिस द्वारा मारपीट किए जाने के आरोप निराधार हैं।
Published on:
09 Dec 2016 09:09 pm

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