26 जनवरी 2026,

सोमवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

हरिशंकर तिवारी: ‘जब तक सूरज चांद रहेगा, बाबा जी का नाम रहेगा’ के नारों के साथ निकली अंतिम यात्रा, जाम हो गए रास्ते

Harishankar tiwari death: अपराध की दुनिया से राजनीति में कदम रखने वाले हरिशंकर तिवारी की गिनती पूर्वांचल के बड़े बाहुबलियों में की जाती थी।

2 min read
Google source verification
hari_shankar_tiwari.jpg

Harishankar tiwari death: पूर्वांचल के कद्दावर नेता पंडित हरिशंकर तिवारी के निधन के बाद तिवारी हाता पर उनके समर्थकों का हुजूम उमड़ पड़ा। समर्थक अपने प्रिय नेता की एक झलक और अंतिम दर्शन के लिए व्याकुल दिखे। Harishankar Tiwari निधन की सूचना मिलते ही भारी संख्या में लोग उनके आवास पर पहुंचने लगे। मंगलवार की शाम 7 बजे पूर्वांचल के बाहुबली और कद्दावर नेता के निधन की सूचना सबको मिली थी। हरिशंकर की अंतिम यात्रा में उनके चाहने वाले 'जब तक सूरज चांद रहेगा, बाबा जी का नाम रहेगा' के नारे लगा रहे थे। अंतिम यात्रा के दौरान रास्ते जाम हो गए।

मुक्तिधाम पर अंतिम संस्कार
बुधवार की सुबह उनका शव दर्शनार्थ हाता परिसर में रखा गया। इसके बाद बड़हलगंज स्थित गांव टांडा ले जाया जाएगा। वहां से शव को नेशनल इंटर कॉलेज में दर्शनार्थ के लिए रखा गया। बड़हलगंज स्थित मुक्तिधाम पर अंतिम संस्कार किया जाएगा।

पंडित हरिशंकर तिवारी को मंगलवार शाम करीब साढ़े छह बेचैनी महसूस हुई। इसके बाद उनके पारिवारिक डॉक्टर विजय पांडेय को बुलाया गया। जांच के बाद डॉक्टर ने तिवारी को मृत घोषित कर दिया। परिवार से मिली जानकारी के मुताबिक, बुधवार सुबह पार्थिव शरीर को दर्शनार्थ हाता परिसर में रखा जाएगा। इसके बाद बड़हलगंज स्थित गांव टांडा ले जाया जाएगा। वहां पर पार्थिव शरीर को नेशनल इंटर कॉलेज में लोगों के दर्शन के लिए रखा जाएगा। वे इस कॉलेज के प्रबंधक रहे हैं।

पूर्वांचल के बड़े बाहुबलियों
छह बार विधायक के अलावा कैबिनेट मंत्री भी रह चुके थे। अपराध की दुनिया से राजनीति में कदम रखने वाले हरिशंकर तिवारी की गिनती पूर्वांचल के बड़े बाहुबलियों में की जाती थी।

पूर्वांचल के बड़े ब्राह्मण नेता के रूप में जाने जाते थे हरिशंकर तिवारी
हरिशंकर तिवारी पूर्वांचल के बड़े ब्राह्मण नेता के रूप में जाने जाते थे। बड़हलगंज के टांड़ा गांव में जन्‍मे हर‍िशंकर त‍िवारी च‍िल्‍लूपार से छह बार व‍िधायक रहे और कल्‍याण स‍िंह से लेकर मुलायम स‍िंंह यादव की सरकार में मंत्री रहे। उनके न‍िधन के समय उनके बड़े बेटे पूर्व सांसद भीष्‍म शंकर उर्फ कुशल त‍िवारी और पूर्व व‍िधायक व‍िनय शंकर तिवारी घर पर ही मौजूद थे। अपने पीछे वे दो बेटे और एक बेटी छोड़ गए हैं।

बड़ी खबरें

View All

गोरखपुर

उत्तर प्रदेश

ट्रेंडिंग