8 फ़रवरी 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

पुल्सत्य ऋषि के इस सरोवर में नहाने से दूर हो जाते हैं सभी रोग

सूरजपुर स्थित बराही मेले में कई ऐतिहासिक चीजें जुड़ी हुई है, चमात्कारिक है यह सरोवर

2 min read
Google source verification
greater noida

ग्रेटर नोएडा. सूरजपुर में बराही मेले की शुरूआत हो गई है। 8 अप्रैल तक चलने वाले यह मेला भारतीय संस्कृति को संजोए हुए है। बाराही मेले में कई ऐतिहासिक चीजें जुड़ी हुई है। बाराही देवी मंदिर परिसर में स्थित चमात्कारिक सरोवर भी है। इसमें नहाने से चर्म रोग दूर हो जाते हैं। मान्यता के अनुसार हजारों वर्ष पहले इस स्थान पर पुल्सत्य ऋषि ने सरोवर का निर्माण किया था। साथ ही सैकड़ों वर्षों तक भगवान शिव की तपस्या की थी। मान्यता के अनुसार तपस्या करने की वजह से यह स्थान शुद्ध हो गया और सरोवर चमात्कारिक हो गया। देश के कोने-कोने से लोग सरोवर में नहाने के लिए आते है। यहां भगवान शिव का भी मंदिर है।

यह भी पढ़ें: बच्चे की मौत के बाद में परिजनों ने सरकारी अस्पताल के डॉक्टरों पर लगाया यह आरोप

रावण के बाबा पुल्सत्य ऋषि ने तैयार किया था यह सरोवर

रावण का जन्म ग्रेटर नोएडा के बिसरख गांव में हुआ था। रावण के पिता विश्रवा ऋषि शिव की पूजा किया करते थे। विश्वरा ऋषि के पिता पुलसत्य ऋषि भी महान पंड़ित हुआ करते थे। पुलसत्य ऋषि ने ही सूरजपुर में सरोवर का निर्माण किया था। बताया जाता है कि सरोवर के पास में शिवमंदिर है। शिवलिंग की स्थापना भी पुल्सत्य ऋषि ने की थी। सरोवर में स्नान करने के बाद में पुल्सत्य शिव की अराधना किया करता था। शिव मंदिर सेवा समिति के मीडिया प्रभारी मूलचंद शर्मा ने बताया कि इस सरोवर में नहाने से सभी चर्म रोग दूर हो जाते है। मेले के दौरान आने वाले लोगों के लिाए खास व्यवस्था की गई है। यहां महिलाओं के लिए अलग से घाट तैयार किया गया है, जबकि पुरुषों के लिए अलग। उन्होंने बताया कि पुल्सत्य ऋषि के तपस्या करने से सूरजपुर का ऐतिहासिक महत्व रखता है। मेले के अलावा आम दिनों में भी यहां लोग तालाब में नहाने के लिए आते है।

यह भी पढ़ें: एलिवेटेड रोड का उद्घाटन करने आए योगी ने दूसरे दिन 342 करोड़ रूपये की दे दी यह सौगात

भारतीय संस्कृति की झलक दिखाई देती हैं इस मेले में

सूरजपुर के बराही मेले में देशभर की संस्कृति की झलक देखने को मिलती है। एक तरफ जहां पुराने जमाने की चारपाई, हल व अन्य चीजें देखने को मिलेगी। वहीं बुजुर्गो का हुक्का भी खास है। साथ ही चौपाल भी बनाई गई है। यहां हरियाणा, राजस्थानी, मध्यप्रदेश, जम्मु कश्मीर, समेत देश के कोने-कोने से आए कलाकार संस्कृतिक कार्यक्रम का मंचन करते है।

8 अप्रैल तक आयोजित होगा कार्यक्रम

शिव मंदिर सेवा समिति के अध्यक्ष धर्मपाल भाटी ने बताया कि 29 मार्च से लेकर 8 अप्रैल 2018 तक बराही मेले का आयोजन किया जा रहा है। मेले में बेटी बचाओ, बेटी पढाओं व स्वच्छ भारत मिशन का संदेश दिया जाएगा। साथ ही स्वच्छ भारत मिशन के तहत भी लोगोंं को जागरुक किया जाएगा।


यह भी पढ़ें: प्राचीन विरासत को संजोए हुए हैं ऐतिहासिक बराही मेला

बड़ी खबरें

View All

ग्रेटर नोएडा

उत्तर प्रदेश

ट्रेंडिंग