लखनऊ में प्रमुख सचिव आलोक सिन्हा, यूपी के डायरेक्टर सिविल एविएशन देवेंद्र स्वरुप, यमुना अथॉरिटी के चेयरमैन व मेरठ मंडल के कमिश्नर ने फंडिंग को लेकर मीटिंग की। मीटिंग के दौरान निर्णय लिया गया है कि एयरपोर्ट के पहले चरण में होने वाले खर्च को राज्य सरकार उठाएगी। वहीं यमुना अथॉरिटी नोडल एजेंसी के तौर पर कार्य करेगी। देखरेख के साथ-साथ जमीन अधिग्रहण यमुना अथॉरिटी के अफसर करेंगे। हालांकि अथॉरिटी ने जमीन अधिग्रहण को लेकर पहले ही पूरी तैयारी कर ली थी। एयरपोर्ट के लिए जमीन भी चिह्नित कर ली गई है। अधिकारियों की मानें तो जल्द ही जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।