इसके बाद शराब बंद कराने हस्ताक्षर अभियान भी शुरू किया गया। गीतकारों ने 'दारू न पीना भैया, पागल फिरोगे तुम बाजार में...Ó और 'कान खोलकर सुनलो रे दारू के पिवैया...।Ó जैसे लोकगीतों की प्रस्तुति देकर समां बांध दिया। कार्यक्रम को देखने और सुनने चौराहा से गुजरने वाले राहगीर रुके और सभी ने अभियान की सराहना की।
कार्यक्रम में गायत्री परिवार, आर्ट आफ लिविंग, कैंट जागरुक गु्रप सहित अनेक संस्थाओं से लोग शामिल हुए। कार्यक्रम का संचालन डा. पुष्पराग शर्मा ने किया। कार्यक्रम में अंत में सभी शराब के खिलाफ आवाज उठाने की शपथ ली। इसके साथ ही पूरे सप्ताह रैली, हस्ताक्षर अभियान, दुआ पढऩे आदि का आयोजन भी किया जाएगा।
कलेक्टर से मुलाकात आज
शराब बंदी को लेकर शहर के युवा और सामाजिक कार्यकर्ता सोमवार को सुबह 10 बजे कलेक्टर राजेश जैन से मुलाकात करेंगे। शहर के कैंट क्षेत्र की कलारी, श्रीराम कालोनी के मुख्य मार्ग स्थित कलारी को दूर करने की मांग की जाएगी। यहां कलारी को हटाने पहले से भी रहवासी विरोध करते आ रहे हैं।
सोशल मीडिया पर चलेगा आंदोलन
शराब बंद कराने को लेकर सोशल मीडिया पर भी अभियान चलाया जा रहा है। इसके लिए फेसबुक पर 'शराब मुक्त मध्यप्रदेश अभियानÓ के नाम से पेज भी बनाया गया है। मुस्लिम समुदाय के शहर काली नूर उल्ला ने बताया कि इस पेज पर शराब बंद कराने को लेकर गुना और पूरे प्रदेश की जानकारी साझा कर रहे हैं। उधर, हनुमान चौराहा पर गायत्री परिवार, और मुस्लिम समाज के पदाधिकारियों ने संबोधित भी किया गया। उन्होंने कहा, प्रदेश में शराब बंद कराने उचित समय है। उज्जैन में संत शराब बंद कराने आगे आए हैं, शहर में नागरिक आगे आ रहे हैं। यह अच्छा संकेत है।