यह शहर गुर्जर प्रतिहार, तोमर तथा कछवाहा राजवंशों की राजधानी रहा है। इस शहर में इनके द्वारा छोड़े गए प्राचीन चिन्ह स्मारक, किला, महलों के रूप में मिल जाएंगे। सहेज कर रखे गए अतीत के भव्य स्मृति चिन्ह इस शहर को पर्यटन की दृष्टि से काफी महत्वपूर्ण बनाते हैं।