
MP News: मध्यप्रदेश के ग्वालियर से बड़ा मामला सामने आया है। जहां आबकारी विभाग के रिटायर्ड जिला सहायक अधिकारी धर्मेन्द्र सिंह भदौरिया के इंदौर और ग्वालियर स्थित घरों पर लोकायुक्त पुलिस ने बुधवार को छापे मारे हैं। रेड सुबह तड़के से शुरु हुई और रात तक चलती रही। भदौरिया के ग्वालियर स्थित मकान का छापा मार टीम ने कोना कोना खंगाला 12 घंटे से ज्यादा चली। जिसमें टीम को 46 बेनामी कारतूस और कुछ दस्तावेज मिले हैं।
दरअसल, विवेकनगर (गोला का मंदिर) में रिटायर्ड आबकारी अधिकारी धर्मेन्द्र सिंह भदौरिया का मकान नंबर 7 शांति कुंज है। लोकायुक्त ग्वालियर विंग की 8 सदस्यीय टीम ने डीएसपी विनोद सिंह कुशवाह की अगुवाई में सुबह 6.10 बजे रिटायर्ड आबकारी अधिकारी के घर की घंटी बजाई गई। उस वक्त घर में भदौरिया का भतीजा देवांश और उसकी बहन मौजूद थे। देवांश ने नींद से उठकर दरवाजा खोला तो लोकायुक्त टीम सामने थी। छापा मार टीम फोर्स के साथ आई थी। देवांश और उसकी बहन के फोन टीम ने अपनी कस्टडी में लिए। भाई-बहन से कहा वह दोनों छापा पूरा होने तक घर से बाहर नहीं जाएंगे।
डीएसपी विनोद सिंह कुशवाह के मुताबिक, देवांश का कहना है घर करीब 3600 वर्ग फीट में बना है। मकान पुश्तैनी है। वह एमबीए की पढ़ाई कर रहा है। इसलिए बहन के साथ यहां रहता है। धर्मेन्द्र सिंह भदौरिया उसके चाचा हैं। यहां तो जब कभी आते हैं। टीम के द्वारा घर के चप्पे-चप्पे की तलाशी ली गई। करीब 12 घंटे की सर्चिंग में घर से 46 कारतूस मिले हैं। इनमें 27 कारतूस 12 बोर के और बाकी 32 और 22 बोर के हैं, लेकिन इनकी वैधता का साक्ष्य नहीं मिला है। कुछ दस्तावेज भी मिले हैं। जिनकी जांच की जाएगी।
Updated on:
15 Oct 2025 07:42 pm
Published on:
15 Oct 2025 07:42 pm
