एक बड़े नाले की रकम से छोटी सी नाली बना दी गई। ये मार्ग थोक अमिलिया जाने का एक मात्र रास्ता है और मुख्य मार्ग ही बनने के एक दो माह बाद उखड़ने और जगह जगह टूटने लगा है। अगर कोई भारी वाहन यहां से निकल जाता है तो सीसी रोड और इंटर लकिंग धसने लगती है और कई जगह धंस भी गई है। जिसकी शिकायत नगर के कई समाज सेवियों ने आला अधिकारीयों से की जिसमें नईम, नीलू धुरिया, रवि कुमार, महेंद्र कुमार सिंह ने जांच कराई। मगर ये जांच भी कमीशन खोरी की भेंट चढ़ गई और ठेकेदार जोर-जोर से छाती पीट कर चिल्लाता रहा कि हम ईओ को पच्चास प्रतिशत कमीशन देते हैं। कोई कुछ नहीं कर सकता है और यह बात वास्तव में सच निकली।