
Rajasthan News : राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की 1 दिसंबर से विशेष छूट योजना शुरू होने जा रही है। इस योजना का मकसद उद्योगों, प्रतिष्ठानों को प्रोत्साहित करना है। राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, मुख्यालय जयपुर की ओर से जारी आदेश के अनुसार उन उद्योगों और प्रतिष्ठानों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से एक विशेष छूट योजना शुरू की गई है। जो जल (प्रदूषण निवारण एवं नियंत्रण) अधिनियम, 1974 और वायु (प्रदूषण निवारण एवं नियंत्रण) अधिनियम, 1981 के तहत पहले से स्थापित या संचालित होने से पहले स्थापना की स्वीकृति (कन्ससेमंट टू एस्टेबलिश) और संचालन की स्वीकृति (कन्ससेमंट टू ऑपरेट) प्राप्त नहीं कर पाए हैं।
इस योजना का उद्देश्य उन उद्योगों को प्रोत्साहित करना है, जो अब तक इन स्वीकृतियों के बिना काम कर रहे हैं। ताकि वे स्वीकृति प्राप्त कर पर्यावरणीय अनुपालन सुनिश्चित कर सकें। यह योजना 60 दिनों के लिए लागू होगी। यह योजना 1 दिसंबर 2024 से 29 जनवरी 2025 तक लागू रहेगी।
यह योजना उन उद्योगों पर लागू होगी, जो राज्य बोर्ड की श्रेणीकरण के अनुसार लाल, नारंगी और हरे श्रेणी में आते हैं। जो पहली बार स्वीकृति प्राप्त करने के लिए आवेदन कर रहे हैं, उन उद्योगों को जल अधिनियम, 1974 और वायु अधिनियम, 1981 के तहत निर्धारित प्रक्रिया और शुल्क के अनुसार स्थापना की स्वीकृति और संचालन की स्वीकृति के लिए आवेदन करना होगा। लेकिन एक विशेष छूट के रूप में उन्हें उन वर्षों के लिए पिछले शुल्क का भुगतान नहीं करना होगा, जब वे बिना स्वीकृति के संचालित हो रहे थे। इस योजना का उद्देश्य उद्योगों को स्वीकृति प्राप्त करने के लिए प्रोत्साहित करना है।
साथ ही पर्यावरणीय नियमों के अनुपालन को बढ़ावा देना है। यह कदम उद्योगों को एक अवसर प्रदान करता है ताकि वे बिना भारी शुल्क बोझ के अनुपालन कर सकें। राजस्थान राज्य प्रदूषण नियंत्रण कार्यालय हनुमानगढ़ के प्रभारी बीआर सिहाग ने इसकी जानकारी दी। उन्होंने संबंधित उद्योगपतियों से आग्रह किया है कि वह इस छूट योजना का लाभ उठाएं।
Updated on:
29 Nov 2024, 6:00 PM IST
Published on:
29 Nov 2024, 6:00 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.