21 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सड़कों का नपा ने कराया कायाकल्प,बारिश शुरु होते ही उखड़ने लगी

  हरदा.शहर की खस्ताहाल सड़कों की को सुधारने के लिए नपा ने करोड़ों रुपए खर्च कर इनका कायाकल्प किया। सड़क निर्माण के दौरान ही ठेकेदार द्वारा गुणवत्ता का ध्यान नहीं रखने की लोगों ने शिकायतें की,लेकिन नपा ने उसे गंभीरता से नहीं लिया। इसका नतीजा यह हो रहा है कि तेज बारिश के दस्तक देते ही सड़कों में कहीं कहीं गडढे पड़ने शुरु हो गए हैं तो कहीं पर यह अभी से उखड़ने लगी है। अभी बारिश का पूरा सीजन बाकी है। नपा ने डबल लेयर वाली सड़क की 5 और सिंगल लेयर की 3 साल की गारंटी का दावा किया था।

2 min read
Google source verification

हरदा

image

Mahesh bhawre

Jul 14, 2023

 सड़कों का नपा ने कराया कायाकल्प,बारिश शुरु होते ही उखड़ने लगी

Roads were rejuvenated by NAPA, as soon as the rain started, they started getting uprooted

स्थान-1
परशुराम चौक से एसबीआई के बीच सड़क का सुदृढ़ीकरण हुआ। सड़क बनने के बाद नपा ने विवेकानंद कांप्लेक्स में बनी टंकी से सरकारी अस्पताल को पानी देने पाइप लाइन बिछाने के लिए सड़क खोदी। रिपेयरिंग के नाम पर मिटटी भरकर डामर डाल दिया। यह नेशनल हाइवे का हिस्सा है। यहां से दिनभर में हजारों छोटे बड़े वाहन गुजरते हैं। अब गैरेज से सब्जी मंडी में जाने वाले रास्ते पर गहरी नाली बन गई,जिसमें वाहन फंस रहे हैं। राहगीरों पर कीचड़ उछल रहा है।

स्थान-2
राठी पेट्रोल पंप से रेलवे स्टेशन की ओर सड़क का डामरीकरण करीब एक माह पहले हुआ। राज रेसीडेंसी होटल के पास नाली गुम होने के कारण निकासी का पानी रोड़ पर ही जमा होता है। इसके वैकल्पिक इंतजाम किए बना रोड़ बना दी गई। अब अग्रवाल होटल के सामने डामर की परत बारिश में धुल गई। पहले यहां बनी सीसी रोड़ृ की अंदरुनी परत दिखाई देने लगी है। गडढे में वाहनों के पहिए जाने पंचर हो रहे हैं।

स्थान-3
सरकारी अस्पताल चौक से सेंट मेरी तक बनी रोड़ में भी गडढे होने लगे हैं। बस स्टैंड पर हनुमान मंदिर के पास तो तीन दिन हुई बारिश में ही डामर बह गया। जहां नपा के टैंकरों में पानी भरा जाता है,वहां नीचे पूरे क्षेत्र में पुरानी सीसी रोड़ दिखने लगी है। आगे भी गडढे उभरना शुरु हो गए हैं। पुराने सनरेज स्कूल के सामने पानी निकासी की व्यवस्था नहीं है। आसपास की दुकानों का पानी रोड़ पर ही जमा हो रहा है,जिससे सड़क उखड़ना तय है।

सीसी रोड़ पूरी कवर नहीं की:

कायाकल्प में करोड़ों रुपए सड़क की सूरत संवारने में खर्च किए। ज्यादातर सड़कें पूर्व में सीसी बनी थीं। दोबारा डामरीकरण करने पर ठेकेदार ने अपने हिसाब से लाइन सेट करके डामर बिछाया,जिससे आजू बाजू में साइड सोल्डर की जगह पर पुरानी सीसी रोड़ छूटी हुई साफ दिखाई दे रही है। नेहरु कॉलोनी,एलआईजी कॉलोनी में इसे देखा जा सकता है। यहां उखड़ी सड़क के बाजू के किनारे नुकीले व गडढों के कारण खतरनाक हो गए हैं। बाइक नीचे उतरने पर चढ़ाना मुशकिल होता है।

समस्याओं की अनदेखी:
कोर्ट के सामने पाइप लाइन में लीकेज होने से गडढ़ा हो गया। जिसमें सप्लाई के समय पानी भर जाता था। डामरीकरण के अधिवक्ता संघ के सदस्य ने उपयंत्री शिवम चौरसिया को यह बताया। उन्होंने इतनी जगह छोड़कर मरम्मत की बात कही,लेकिन बिना मरम्मत कराए डामरीकरण कर दिया। महाराणा प्रताप कॉलोनी के मोड़ पर ढलान के कारण सड़क डूब जाती है। पुराने सनरेज स्कूल के सामने की व्यवसायिक दुकानों का निकासी पानी सड़क पर निकल रहा है।

इनका कहना है
इंजीनियर को भेजकर इन जगहों को निरीक्षण कराएंगे। यदि कहीं ऐसी स्थिति बनी है तो उसे रिपेयर कराया जाएगा,जिससे लोगों को आवागमन में असुविधा न हो।
-जीके यादव,सीएमओ,नपा हरदा