
Case 1- 43 वर्षीय वीरेंद्र कुमार (बदला हुआ नाम) की कोविड-19 की रिपोर्ट एक माह पहले पॉजिटिव आई थी। 10 दिन हॉस्पिटल में भर्ती रहे। 20 दिन पहले ही रिपोर्ट निगेटिव आने पर घर आ गए। लेकिन उन्हें थकान के साथ सांस लेने में परेशानी होती है जबकि ऑक्सीजन का स्तर 95-96 रहता है।
Case 2 - शंकर सिंह को सितंबर में कोरोना हुआ था। ठीक हो चुके हैं लेकिन सीढिय़ां चढऩे में दिक्कत हो रही है। चिड़चिड़ापन महसूस होता है। इसी तरह अनीता भी ठीक हो चुकी हैं लेकिन उनका शरीर हमेशा हल्का गर्म रहता है। डॉक्टर ने कहा है कि बुखार की दवा शरीर का तापमान 100 फैरनहाइट से अधिक है तो ही लें।
Case 2- अमित शर्मा की कोविड-19 की निगेटिव रिपोर्ट 25 दिन पहले ही आ गई थी लेकिन अभी उनकी हड्डियों में दर्द रहता है। इसी तरह दिनेश कुमार के शरीर में हमेशा दर्द रहता है। यह सुबह उठते समय ज्यादा रहता है। घबराहट के साथ पाचन में भी दिक्कत होती है।
डाइट: प्रोटीन वाली चीजें ज्यादा व हल्दी-दूध लें
पालक, छोले, सोयाबीन, फलियां, पनीर, अंकुरित दालें आदि प्रोटीन वाली चीजें खाएं। टमाटर-पालक का सूप पीएं। गुनगुने पानी में नींबू का रस डालकर दिन में 2-3 बार पीएं। रात में हल्दी-दूध जरूर लें।
ज्यादा काढ़ा : मुंह में छाले व आंखों में जलन
काढ़ा त्रिदोषों को दूर करता है, पर 3-4 कप से ज्यादा पीने से गर्म तासीर के कारण मुंह में छाले, आंखों में जलन, अपच और अधिक पीने से लिवर पर असर हो सकता है। इसलिए इससे अधिक न पीएं।
मेडिटेशन : घबराहट और तनाव कम होगा
सुबह-शाम करीब 15-20 मिनट ही मेडिटेशन (ध्यान) करें। इससे घबराहट और तनाव कम होगा। स्टे्रस हार्मोन के कम होने से शरीर की इम्युनिटी बढ़ेगी। इनसे फेफड़ों की क्षमता भी बढ़ती है।
Published on:
15 Oct 2020 12:50 pm
बड़ी खबरें
View Allस्वास्थ्य
ट्रेंडिंग
लाइफस्टाइल
