
धीमी आंच पर भूनें, फिर पाउडर बना लें: सबसे पहले अलसी को साफ करके धीमी आंच पर भून लें। फिर इन्हें पीस लें और फिर पानी के साथ सुबह—शाम लें। आप इसमें आधी मात्रा में मिश्री भी मिला सकते हैं। इसे शहद से भी चूर्ण के रूप में ले सकते हैं।

चाय की तरह करें सेवन: अलसी की चाय भी पी सकते हैं, इसके लिए अलसी के बीजों को कूटकर पानी में उबाल लें। फिर छानकर उसमें गुड़ या फिर शहद मिला लें। इससे भी खांसी में फायदा होगा।

काढ़े में भी उपयोगी : अलसी के बीजों से का काढ़ा भी बनाया जा सकता है। इसके नियमित सेवन से खांसी और अस्थमा में राहत मिलती है। सर्दियों में आप इस काढ़े में शहद भी मिला सकते हैं। इससे बनाने के लिए 3 ग्राम अलसी के चूर्ण को, 250 मिली उबले हुए पानी में डालें। इसे 1 घण्टे तक छोड़ दें। इसमें थोड़ी चीनी मिलाकर सेवन करें। इससे सूखी खांसी तथा अस्थमा में लाभ होता है।

अलसी का पानी: अलसी का पानी भी बेहद फायदेमंद होता है। 12 घंटे तक पानी में अलसी को भिगोकर रखें और फिर सुबह के समय उस पानी को पी लें। इससे भी खांसी और जुखाम में मदद मिलती हैं।