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केएफडी वैक्सीन का मानव परीक्षण अगले वर्ष अप्रेल में

मंत्री ने कहा कि केएफडी वैक्सीन KFD Vaccine ने परीक्षण के पहले चरण में अच्छा प्रदर्शन किया है और समय सीमा के भीतर वैक्सीन की उपलब्धता आवश्यक है। परीक्षण का दूसरा चरण जल्द ही शुरू किया जाएगा। वैक्सीन का मानव परीक्षण अगले वर्ष अप्रेल में शुरू करने की योजना है। वैक्सीन 2026 में उपयोग के लिए उपलब्ध हो सकेगी।

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- परीक्षण के पहले चरण में अच्छा प्रदर्शन, दूसरा चरण जल्द

-आइसीएमआर के महानिदेशक से मुलाकात के बाद बोले स्वास्थ्य मंत्री गुंडूराव

स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री दिनेश गुंडूराव ने अपने दिल्ली Delhi दौरे के दौरान बुधवार को भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (ICMR) के महानिदेशक व स्वास्थ्य अनुसंधान विभाग के सचिव डॉ. राजीव बहल से मुलाकात की और केएफडी (क्यासानूर फॉरेस्ट डिजीज यानी मंकी बुखार) वैक्सीन के बारे में चर्चा की। वैक्सीन को जल्द उपयोग में लाने के लिए आइसीएमआर से आवश्यक सहायता मांगी। वैक्सीन के प्रावधान के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करने का अनुरोध किया।

मंत्री ने कहा कि केएफडी वैक्सीन KFD Vaccine ने परीक्षण के पहले चरण में अच्छा प्रदर्शन किया है और समय सीमा के भीतर वैक्सीन की उपलब्धता आवश्यक है। परीक्षण का दूसरा चरण जल्द ही शुरू किया जाएगा। वैक्सीन का मानव परीक्षण अगले वर्ष अप्रेल में शुरू करने की योजना है। वैक्सीन 2026 में उपयोग के लिए उपलब्ध हो सकेगी।

मंत्री ने बताय कि दौरे के दौरान डॉ. बहल ने राज्य Karnataka की एनीमिया मुक्त पोषण कर्नाटक योजना की सराहना की। उन्होंने कहा, यह एक अच्छी योजना है, खासकर सरकारी स्कूल और कॉलेज के बच्चों के लिए एनीमिया जांच की जाती है। उन्होंने मंत्री से भारत सरकार की एनीमिया मुक्त भारत 2.0 योजना के अनुरूप परियोजना का विस्तार करने का भी अनुरोध किया।मंत्री ने कहा, हम प्रभावी अनुसंधान-संचालित स्वास्थ्य देखभाल समाधान प्रदान करने के लिए सार्वजनिक स्वास्थ्य अनुसंधान परियोजनाओं पर आइसीएमआर के साथ साझेदारी करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव हर्ष गुप्ता और राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के प्रबंध निदेशक नवीन भट ने भी बैठक में हिस्सा लिया।