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Iron Supplement Side Effects: खून बढ़ाने वाली गोली बनी मुसीबत! एक साथ 19 बच्चे अस्पताल पहुंचे, जानें इसकी वजह

Iron Supplement Side Effects: चंद्रपुर जिला के स्कूल में आयरन टैबलेट ज्यादा खाने से 19 बच्चे बीमार। जानें आयरन ओवरडोज के खतरे और जरूरी हेल्थ सावधानियां।

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भारत

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Dimple Yadav

Feb 14, 2026

Iron Supplement Side Effects

Iron Supplement Side Effects (photo- gemini ai)

Iron Supplement Side Effects: महाराष्ट्र के महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिला से एक चिंताजनक मामला सामने आया है, जहां एक सरकारी स्कूल के 19 छात्र अचानक बीमार पड़ गए। बताया जा रहा है कि इन बच्चों ने बिना निगरानी के ज्यादा मात्रा में एंटी-एनीमिया (आयरन) की गोलियां खा ली थीं, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।

यह घटना भामडेली गांव, भद्रावती तहसील में स्थित जिला परिषद के स्कूल की है। जानकारी के मुताबिक, स्कूल में हर सोमवार बच्चों को आयरन की गोलियां दी जाती हैं ताकि एनीमिया यानी खून की कमी से बचाव हो सके। लेकिन इस बार कुछ बच्चों ने शिक्षकों की अनुपस्थिति में अगले दिन भी ज्यादा गोलियां खा लीं, जिससे उनकी तबीयत बिगड़ गई।

ज्यादातर बच्चे अब स्थिर

बुधवार रात कई बच्चों को अचानक मतली, चक्कर और बेचैनी महसूस होने लगी। कुछ बच्चों की हालत इतनी खराब हो गई कि उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाना पड़ा। स्कूल प्रशासन ने एंबुलेंस बुलाकर सभी बच्चों को चंद्रपुर जिला अस्पताल में भर्ती कराया। अशोक कटारे के अनुसार, डॉक्टरों ने बताया कि ज्यादातर बच्चे अब स्थिर हैं, लेकिन कुछ को निगरानी में रखा गया है। वहीं पुलकित सिंह ने पूरे मामले की जांच के आदेश दिए हैं ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।

ज्यादा आयरन लेना क्यों खतरनाक है?

आयरन शरीर के लिए जरूरी पोषक तत्व है, खासकर बच्चों और किशोरों के लिए। यह खून में हीमोग्लोबिन बढ़ाने में मदद करता है और शरीर को ऊर्जा देता है। लेकिन जरूरत से ज्यादा आयरन लेना खतरनाक हो सकता है। आयरन ओवरडोज से पेट दर्द, उल्टी, चक्कर, कमजोरी, दस्त और गंभीर मामलों में अंगों को नुकसान तक हो सकता है। बच्चों में इसका असर ज्यादा तेज और गंभीर हो सकता है क्योंकि उनका शरीर अभी पूरी तरह विकसित नहीं होता।

क्या सीख मिलती है इस घटना से?

यह घटना बताती है कि हेल्थ सप्लीमेंट भी दवा की तरह ही सावधानी से लेने चाहिए। स्कूलों में दिए जाने वाले पोषण कार्यक्रम जरूरी हैं, लेकिन बच्चों को दवा देने के समय सख्त निगरानी भी उतनी ही जरूरी है।

बचाव कैसे करें?

  • बच्चों को कभी भी खुद से दवा या सप्लीमेंट न लेने दें।
  • स्कूलों में दवा वितरण के दौरान शिक्षक या स्वास्थ्य कर्मी मौजूद हों।
  • बच्चों को समझाएं कि ज्यादा दवा लेना नुकसानदेह हो सकता है।