नई दिल्ली। हम उनसे प्यार करते हैं, हम उनसे नफरत करते हैं। लेकिन हम उनकी उपेक्षा नहीं कर सकते। फिल्में हमें उन्हें पसंद नहीं करने या यह मानने के लिए बाध्य करती हैं कि नायक का नैतिक आधार अधिक है, लेकिन हम कभी-कभी भूल जाते हैं कि ये लोग बुरे लोग क्यों बने। क्योंकि वे कुछ ऐसा समझते थे जिसे अच्छे लोगों ने नज़रअंदाज़ करने का फैसला किया। ऐसे में हम आपको उन खलनायकों के डायलॉग्स बताने जा रहे हैं, जिन्होंने दुनिया और उसके काम को बेहतर ढंग से समझा और उनके शब्द जो सच होते हैं।