
ज्योतिष पं. गुलशन अग्रवाल
राष्ट्रीय मिति माघ 06 शक संवत् 1940 माघ कृष्ण षष्ठी शनिवार, विक्रम संवत् 2075। सौर माघ मास प्रविष्टे 13, जमादि उल्लावल 19 हिजरी 1440 (मुस्लिम) तदनुसार अंग्रेजी तारीख 26 जनवरी सन् 2019 ई०। सूर्य उत्तरायण, दक्षिण गोल, शिशिर ऋतु। राहुकाल प्रातः 9 बजे से 10 बजकर 30 मिनट तक।
षष्ठी तिथि सायं 4 बजकर 20 मिनट तक उपरांत सप्तमी तिथि का आरंभ, हस्त नक्षत्र अपराह्न 3 बजकर 4 मिनट तक उपरांत चित्रा नक्षत्र का आरंभ, सुकर्मा योग पूर्वाह्न 11 बजकर 51 मिनट तक उपरांत धृतिमान योग का आरंभ, वणिज करण सायं 4 बजकर 20 मिनट तक उपरांत बव करण का आरंभ।
आज के मुहर्त- अनुकूल समय में नये वाहनों की खरीदारी करने के लिए शुभ मुहूर्त है।
चन्द्रमा अर्धरात्रोत्तर 2 बजकर 39 मिनट तक कन्या उपरांत तुला राशि पर संचार करेगा। आज ही भद्रा सायं 4 बजकर 20 मिनट से अर्धरात्रोत्तर 3 बजकर 42 मिनट तक, भारत गणतन्त्र दिवस (70वाँ), बुध श्रवणा नक्षत्र में रात्रि 10 बजकर 35 मिनट, शीतला षष्ठी।
पंचांग या पंचागम् हिन्दू कैलेंडर है जो भारतीय वैदिक ज्योतिष में दर्शाया गया है। पंचांग मुख्य रूप से 5 अव्यवों का गठन होता है, अर्थात् तिथि, वार, नक्षत्र, योग एवं करण। पंचांग मुख्य रूप से सूर्य और चन्द्रमा की गति को दर्शाता है। हिन्दू धर्म में हिन्दी पंचांग के परामर्श के बिना शुभ कार्य जैसे शादी, नागरिक सम्बन्ध, महत्वपूर्ण कार्यक्रम, उद्घाटन समारोह, परीक्षा, साक्षात्कार, नया व्यवसाय या अन्य किसी तरह के शुभ कार्य नहीं किये जाते। जैसा कि प्राचीन समय से बताया गया है कि हर क्रिया के विपरीत प्रतिक्रिया होती है। इसी तरह जब कोई व्यक्ति पर्यावरण के अनुरूप कार्य करता है तो पर्यावरण प्रत्येक व्यक्ति के साथ समान तरीके से कार्य करता है। एक शुभ कार्य प्रारम्भ करने से पहले महत्वपूर्ण तिथि का चयन करने में हिन्दू पंचांग मुख्य भूमिका निभाता है। पंचांग एक निश्चित स्थान और समय के लिये सूर्य, चन्द्रमा और अन्य ग्रहों की स्थिति को दर्शाता है। संक्षेप में पंचांग एक शुभ दिन, तारीख और समय पे शुभ कार्य आरंभ करने और किसी भी तरह के नकारात्मक प्रभाव को नष्ट करने का विचार प्रदान करता है।
Updated on:
28 Jan 2019 11:46 am
Published on:
26 Jan 2019 11:32 am
