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आज भूल कर भी न करें इन कार्यों को होगा बड़ा नुकसान

शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा में शुभ व मांगलिक कार्य शुभ नहीं कहे गए हैं। शुक्ल प्रतिपदा को नवरात्रा व देवी कार्यों में शुभ माना गया है

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Sunil Sharma

Nov 19, 2017

aaj ki kundli

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प्रतिपदा नंदा संज्ञक तिथि रात्रि ७.१५ तक, उसके बाद द्वितीया भद्रा संज्ञक तिथि प्रारंभ हो जाएगी। शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा में शुभ व मांगलिक कार्य शुभ नहीं कहे गए हैं। शुक्ल प्रतिपदा को नवरात्रा व देवी कार्यों में शुभ माना गया है। द्वितीया तिथि में विवाहादि मांगलिक कार्य, वास्तु, गृहारंभ, गृहप्रवेश, अलंकार, यज्ञोपवीत और प्रतिष्ठादि संबंधी कार्य करने योग्य हैं।

शुभ वि.सं. : २०७४, संवत्सर: साधारण, अयन: दक्षिणायन, शाके: १९३९, हिजरी: १४३९, मु.मास: सफर-२९, ऋतु: हेमंत,मास:मार्गशीर्ष,पक्ष: शुक्ल।

नक्षत्र: अनुराधा ‘मृदु व तिङ्र्यंमुख’ संज्ञक नक्षत्र रात्रि ९.५७ तक, फिर ज्येष्ठा ‘तीक्ष्ण व तिङ्र्यंमुख’ संज्ञक नक्षत्र है। अनुराधा नक्षत्र में यथाआवश्यक विवाह, जनेऊ, यात्रा, हाथी, घोड़ा, सवारी, वस्त्रालंकार सभी चर व स्थिर कार्य शुभ होते हैं।

विशिष्ट योग: आज रात्रि ७.१५ से रात्रि ९.५७ तक राजयोग नामक शुभ योग ? है। राजयोग में सभी धार्मिक व मांगलिक कार्य शुभ होते हैं।
चंद्रमा: सम्पूर्ण दिवारात्रि वृश्चिक में है।

ग्रह राशि-नक्षत्र परिवर्तन: अपराह्न ३.१२ पर मंगल चित्रा नक्षत्र में व रात्रि ७.४० पर सूर्यदेव अनुराधा नक्षत्र में प्रवेश करेंगे।

वारकृत्य कार्य: रविवार को सभी स्थिर कार्य, पदारूढ़ होना, पशु क्रय करना, औषध निर्माण, शिक्षा-दीक्षा, लेना-देना और यज्ञादि-मंत्रोपदेश आदि कार्य प्रशस्त हैं।

दिशाशूल : रविवार को पश्चिम दिशा की यात्रा में दिशाशूल रहता है। चन्द्र स्थिति के अनुसार आज उत्तर दिशा की यात्रा लाभदायक व शुभप्रद है।

श्रेष्ठ चौघडि़ए
आज प्रात: ८.१३ से दोपहर १२.१२ तक क्रमश: चर, लाभ व अमृत तथा दोपहर बाद १.३२ से अपराह्न २.५२ तक शुभ के श्रेष्ठ चौघडि़ए हैं एवं दोपहर ११.५१ से दोपहर १२.३३ तक अभिजित नामक श्रेष्ठ मुहूर्त है, जो आवश्यक शुभकार्यारम्भ के लिए अत्युत्तम हैं।

राहुकाल
सायं ४.३० बजे से सायं ६.०० बजे तक राहुकाल वेला में शुभ कार्यारंभ यथासंभव वर्जित रखना हितकर है।

शुभ मुहूर्त
१९ नवम्बर : विवाह, प्रसूति स्नान व विपणि-व्यापारारम्भ अनुराधा में।
२० नवम्बर : विवाह अतिआवश्यकता में (शनियुति दोष) तथा वधू-प्रवेश मूल नक्षत्र में।
२३ नवम्बर : विवाह, गृहारम्भ, गृहप्रवेश, हलप्रवहण, उपनयन अति आवश्यकता में अशुभ (मार्गशीर्ष चान्द्रमास त्याज्य), वधू-प्रवेश, नामकरण, अन्नप्राशन व सगाई, टीका आदि सभी उत्तराषाढ़ा में।

व्रत त्योहार
१९ नवम्बर : रुद्रव्रत (पीडिय़ा व्रत), एकता दिवस, इंदिरा गांधी जयंती तथा भैरव षट्रात्र उत्सव प्रारंभ (महाराष्ट्र में)।
२० नवम्बर : आज नवीन चन्द्र के दर्शन, १५ मु. , उत्तर शृंगोन्नत होंगे।
२१ नवम्बर : मुस्लिम मास तीसरा रवि-उल-अव्वल प्रारंभ आज से।
२२ नवम्बर : विनायक चतुर्थी तथा राष्ट्रीय मार्गशीर्ष मास प्रारंभ।
२३ नवम्बर : श्रीराम जानकी विवाह, गुरु तेग बहादुर पुण्य दिवस (प्राचीन मत से), नाग पंचमी (द. भारत में) है।
२४ नवम्बर : श्रीराम कलेवा, स्कन्ध षष्ठी व्रत, गुरु तेग बहादुर पुण्य दिवस (नवीन मत से), चम्पा षष्ठी (महाराष्ट्र में)।