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इस सिख व्यक्ति ने किया ऐसा बहादुरी का काम, कि हर कौम के लोग हो जाएंगे इसके मुरीद

एक सरदार ने घायल महिला की मदद के लिए अपनी पगड़ी उतारकर इंसानियत की खूबसूरत मिसाल कायम की है।

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Neeraj Tiwari

Jan 09, 2019

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इस सिख व्यक्ति ने किया ऐसा बहादुरी का काम, कि हर कौम के लोग हो जाएंगे इसके मुरीद

नई दिल्ली। वैसे तो इस दुनिया में जन्म लेने वाला हर इंसान ऊपर वाले की बदौलत इस दुनिया में आता है, लेकिन दुनिया में आते ही वह धर्म और मजहब के आधार पर अलग-अलग नामों से जाना जाने लगता है। इन सब के बाद भी इंसानियत एक ऐसी नीव है जिसके चलते सभी धर्म और मजहब आज भी कायम हैं और लोग एक-दूसरे की मदद के लिए हर वक्त तैयार रहते हैं। ऐसी ही एक बानगी कश्मीर में देखने को मिली है जहां एक सरदार ने घायल महिला की मदद के लिए अपनी पगड़ी उतारकर इंसानियत की खूबसूरत मिसाल कायम की है।

मनजीत ने दिखाई सूझ-बूझ

इस घटना के बाद से ही 20 साल के मनजीत सिंह की सोशल मीडिया पर खूब चर्चा हो रही है। बता दें कुछ दिनों पहले जम्मू कश्मीर के त्राल तहसील के देवर गांव में एक हादसा हो गया जिसमें एक महिला घायल हो गई थी। जानकारी के अनुसार 45 वर्षीय इस घायल महिला को एक तेज रफ्तार ट्रक ने टक्कर मारी थी, जिससे वह खून से लथपथ सड़क किनारे घायल अवस्था में पड़ी थी। ऐसे में सूझ-बूझ दिखाते हुए मनजीत ने घायल महिला की जिंदगी बचाने के लिए अपनी पगड़ी उतार दी और इसे पट्टी के रूप में उसके शरीर में बांध दिया, जिससे कम से कम खून बहे।

सिख धर्म में है पगड़ी की अहमियत

सिख धर्म में पगड़ी को दस्तार कहते हैं हर सिख को इसे पहनना अनिवार्य है। इसके बावजूद महिला की जान बचाने के खातिर जब मनमीत ने देखा कि कोई आगे नहीं आ रहा है तो उसने अपनी पगड़ी उतारी और पैर के जिस हिस्से से सबसे अधिक खून बह रहा था वहां बांध दिया। इस घटना के बारे में मनजीत कहते हैं, ‘मैंने उन्हें सड़क पर पड़े देखा, उनके पैर से लगातार खून बह रहा था। मैं अपनी पगड़ी उतारकर उनके पैर में बांधने से खुद को बस रोक नहीं पाया।’