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इस खूबसूरत जगह को ‘नो सेल्फी जोन’ किया गया निर्धारित, ऐसा कदम उठाने के पीछे है ये कारण

यहां समुद्र तटों पर मौजूद पथरीली जगह फोटोग्राफी प्रेमियों को और भी आकर्षित करती है

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Priya Singh

Jun 23, 2018

to prevent accidents goa sea beaches declared no selfie zone

इस खूबसूरत जगह को 'नो सेल्फी जोन' किया गया निर्धारित, ऐसा कदम उठाने के पीछे है ये कारण

पणजी। गोवा में समुद्रतटों पर डूबने और अन्य घटनाओं के मामले बढ़ने के बाद राज्य के प्रसिद्ध समुद्र तटों पर 'नो सेल्फी जोन' निर्धारित किए गए हैं। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। राज्य के समुद्र तटों पर प्रबंधन का कार्य करने के लिए राज्य सरकार द्वारा नियुक्त निजी लाइफगार्ड एजेंसी 'दृष्टि मरीन' के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) रवि शंकर ने आईएएनएस को बताया, "समुद्र तटों पर होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के उद्देश्य से बड़े स्तर पर नो सेल्फी जोन निर्धारित किए गए हैं। फिसलन भरी और पथरीली जगह पर फोटोग्राफी लेने के दौरान यहां अक्सर दुर्घटना हो जाती है। यहां समुद्र तटों पर मौजूद पथरीली जगह फोटोग्राफी प्रेमियों को और भी आकर्षित करती है।"

शंकर ने कहा, "एजेंसी ने 24 सेल्फी जोन्स को चिह्नित किया है। इनमें उत्तर गोवा में बागा रिवर, डोना पॉला जेट्टी, सिंकेरिम फोर्ट, अंजना, वागाटर, मोर्जिम, अश्वेम, अरमबोल, केरिम और बांबोलिम तथा सिरिदाओ के बीच (सभी समुद्र तट) हैं। दक्षिण गोवा में एगोंडा, बोगमालो, होलेंट, बाइना, जापाना गार्डन, बेतुल, कनगिनिम, पालोलेम, खोला, काबो डे रामा, पोलेम, गल्गीबाग, तालपोना और रागबाग (सभी समुद्र तट) चिह्नित किए हैं।"

उन्होंने कहा, "इसके बाद वहां लगे झंडों पर चित्रित दिशा-निर्देश, आपातकालीन निशुल्क फोन नंबर तथा 'क्या करना चाहिए' और 'क्या नहीं करना चाहिए' के निर्देश लिखे जा रहे हैं।" बता दें कि, दो अलग-अलग मामलों में 17 जून को सेल्फी लेते समय तमिलनाडु निवासी दो पर्यटकों की मौत हो गई थी। पर्यटन मंत्रालय के अधिकारियों का कहना है कि इस घटना ने नो सेल्फी जोन बनाने की प्रक्रिया को तेज कर दिया है। वर्षा ऋतु के आगमन के साथ ही प्रकृति गोवा को कुछ ऐसा ही अलग, लेकिन अदभुत स्वरूप प्रदान करती है। यह स्थान शांतिप्रिय पर्यटकों और प्रकृति प्रेमियों को बहुत भाता है। गोवा एक छोटा-सा राज्य है। यहां छोटे-बड़े लगभग 40 समुद्री तट है। इनमें से कुछ समुद्र तट अंर्तराष्ट्रीय स्तर के हैं। इसी कारण गोवा की विश्व पर्यटन मानचित्र के पटल पर अपनी एक अलग पहचान है। प्रतिवर्ष 60 लाख से ज्यादा पर्यटक गोवा घूमने जाते हैं।