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विधेयकों को पारित कराने के लिए विस्तृत चर्चा जरूरी

विधेयकों को पारित कराने के लिए विस्तृत चर्चा जरूरी

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हुबली

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S F Munshi

Jun 15, 2023

विधेयकों को पारित कराने के लिए विस्तृत चर्चा जरूरी

विधेयकों को पारित कराने के लिए विस्तृत चर्चा जरूरी

गोवा-पणजी
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि संसद और विधानसभाओं में विधेयकों को पारित कराने के लिए विस्तृत चर्चा जरूरी है, ताकि बेहतर कानून बन सकें। बिरला ने बृहस्पतिवार को गोवा विधानसभा में 'विकसित भारत 2047Ó विषय पर अपने संबोधन में यह बात कही।
लोकसभा अध्यक्ष ने तटीय राज्य के विधायकों को संबोधित करते हुए कहा कि यह हमेशा जरूरी होता है कि कानून विस्तृत एवं उपयुक्त चर्चा के बाद बनें। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि विधानसभाओं और संसद में चर्चा गैर राजनीतिक और बिना पक्षपात के होनी चाहिए।
बिरला ने गोवा विधानसभा की 40 दिन से अधिक अवधि का सत्र आयोजित करने के लिए सराहना की। उन्होंने हालांकि कई राज्य में विधानसभाओं के छोटे सत्र पर चिंता भी जताई।
...विपक्षी सदस्यों ने विधानसभा में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के संबोधन का किया बहिष्कार
गोवा के विपक्षी दलों ने बृहस्पतिवार को राज्य विधानसभा में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के संबोधन का बहिष्कार किया और सवाल उठाया कि वह कांग्रेस के नेता राहुल गांधी को मानहानि के एक मामले में संसद की सदस्यता से अयोग्य ठहराए जाने के मुद्दे पर अपना पक्ष रखने का मौका क्यों नहीं दे रहे हैं।
समारोह में विधानसभा अध्यक्ष रमेश तावडकर, मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत और सत्ताधारी दल के अन्य सदस्य मौजूद थे। भाजपा के सहयोगी दल भी इसमें शामिल हुए। हालांकि, विपक्षी कांग्रेस, आम आदमी पार्टी (आप), गोवा फॉरवर्ड पार्टी (जीएफपी) और रिवोल्यूशनरी गोवा पार्टी (आरजीपी) के सदस्यों ने इसका बहिष्कार किया।
पक्ष रखने का मौका नहीं देने के लिए बिरला का किया विरोध
विपक्ष के नेता यूरी अलेमाओ ने कहा कि पूरे विपक्ष ने सांकेतिक विरोध के रूप में इस आयोजन से खुद को अलग करने का फैसला किया है। विधानसभा परिसर के प्रवेश द्वार पर अलेमाओ ने संवाददाताओं से कहा कि उन्होंने कांग्रेस नेता राहुल गांधी को 'मोदी उपनामÓ वाली टिप्पणी से जुड़े 2019 के आपराधिक मानहानि मामले में लोकसभा में खुद का पक्ष रखने का मौका नहीं देने के लिए बिरला का विरोध किया।
उन्होंने कहा कि लोकसभा अध्यक्ष ने हमारे नेता राहुल गांधी का पक्ष नहीं सुना। इसलिए अपने नेता के सम्मान में हमने आज के विधानसभा समारोह से दूर रहने का फैसला किया।
विपक्ष ने मानहानि के मामले में अयोग्यता को लेकर पूर्व सांसद राहुल गांधी को अपना पक्ष रखने की बिरला द्वारा अनुमति नहीं दिए जाने के विरोध में समारोह का बहिष्कार किया।
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