4 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

30 महीने बाद औपचारिक उद्घाटन को तैयार हावेरी मेडिकल कॉलेज

हावेरी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज के नए कैंपस का आधिकारिक उद्घाटन 7 जनवरी को किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि इस कैंपस में पिछले 30 महीनों से शैक्षणिक गतिविधियां चल रही थीं, लेकिन राज्य और केंद्र सरकार के बीच समन्वय की कमी के चलते इसका औपचारिक उद्घाटन अब जाकर संभव हो पाया है।

less than 1 minute read
Google source verification
स्वास्थ्य शिक्षा और चिकित्सा सेवाओं के विस्तार में महत्वपूर्ण मील का पत्थर

स्वास्थ्य शिक्षा और चिकित्सा सेवाओं के विस्तार में महत्वपूर्ण मील का पत्थर

उद्घाटन समारोह में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया, मुख्यमंत्री सिद्धरामय्या, मेडिकल शिक्षा मंत्री शरण प्रकाश पाटिल और कई निर्वाचित जनप्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है। इस संस्थान की नींव पूर्व मुख्यमंत्री बी.एस. येड्डियूरप्पा के कार्यकाल के दौरान रखी गई थी।
मार्च 2020 में तैयार प्रारंभिक अनुमान के अनुसार, इस मेडिकल कॉलेज परियोजना की लागत 365 करोड़ रुपए आंकी गई थी। बाद में भवन निर्माण, मेडिकल उपकरण और आधारभूत संरचना को शामिल करते हुए 478.5 करोड़ रुपए की राशि को मंजूरी दी गई। संशोधित अनुमान के बाद केवल भवन निर्माण लागत 499 करोड़ रुपए तक पहुंच गई, जिसमें से अब तक 468 करोड़ रुपए खर्च किए जा चुके हैं। यह परियोजना केंद्र और राज्य सरकार के बीच 60:40 के ग्रांट-इन-एड मॉडल पर आधारित है।
हावेरी शहर के बाहरी इलाके देवगिरियाल्लापुर क्षेत्र में स्थित यह कैंपस 53 एकड़ सरकारी भूमि पर विकसित किया गया है। इसके अलावा, कनेक्टिंग रोड के लिए 7 एकड़ अतिरिक्त भूमि का अधिग्रहण किया गया है। संस्थान में 20 से अधिक विभाग, ओपीडी और प्रशासनिक ब्लॉक, आधुनिक क्लासरूम, हॉस्टल, टीचिंग व नॉन-टीचिंग स्टाफ के लिए आवास, नर्सिंग स्टाफ क्वार्टर तथा डीन और मेडिकल सुपरिंटेंडेंट के निवास बनाए गए हैं।

चिकित्सा सेवाओं के विस्तार में मील का पत्थर
मेडिकल कॉलेज ने 2022-23 शैक्षणिक सत्र से कार्य करना शुरू कर दिया था और फिलहाल यहां एमबीबीएस छात्रों का चौथा बैच अध्ययनरत है। अधिकारियों के अनुसार, केवल कैंपस की फेंसिंग का कार्य शेष है, जिसे शीघ्र पूरा किया जाएगा। लंबे इंतजार के बाद होने जा रहा यह उद्घाटन हावेरी और आसपास के जिलों के लिए स्वास्थ्य शिक्षा और चिकित्सा सेवाओं के विस्तार में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर माना जा रहा है।