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सीएमएचओ से नाराज हुए कलेक्टर, टीएल बैठक से किया बाहर

- संजीवनी क्लिनिक को लेकर मांग रहे थे जानकारी

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सीएमएचओ से नाराज हुए कलेक्टर, टीएल बैठक से किया बाहर

सीएमएचओ से नाराज हुए कलेक्टर, टीएल बैठक से किया बाहर

इंदौर। समयसीमा की बैठक में कलेक्टर डॉ. इलैयाराजा टी ने सीएमएचओ डॉ. बीएल सैत्या को बाहर कर दिया। वे संजीवनी क्लिनिक को लेकर पूछताछ कर रहे थे जिसका सैत्या ने ठीक से जवाब नहीं दिया। कुछ देर बाद कलेक्टर ने बड़ा दिल दिखाकर फोन लगाया और बुलाया।

हर सोमवार को कलेक्टर डॉ. इलैयाराजा सभी विभागों के प्रमुखों की बैठक लेते है। पीएम व सीएम हेल्पलाईन सहित समयसीमा में होने वाले कामों की समिक्षा की जाती है। बैठक में चर्चा के दौरान कलेक्टर ने सीएमएचओ सैत्या से संजीवनी क्लिनिक को लेकर जानकारी मांगी क्योंकि मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान उसको लेकर काफी गंभीर है।

जब सैत्या सहीं जवाब नहीं दे पाए तो कलेक्टर नाराज हो गए। इस पर सैत्या ने भी पलटकर जवाब दे दिया जिस पर वे नाराज हो गए। उन्होंने बैठक से बाहर जाने का बोल दिया जिस पर सैत्या ने ये पूछ लिया कि वापस आना है या नहीं? नाराज कलेक्टर ने सस्पेंड करने तक का बोल दिया। कुछ देर बैठक चलने के बाद में कलेक्टर को लगा कि सैत्या को ज्यादा डाट दिया है।

इस पर वे अपने कक्ष में गए और फोन लगाकर बैठक में लौटने के निर्देश दिए। बाद में बैठक सामान्य तौर पर चलती रही। बताते है कि सैत्या को समझाया गया कि जो काम महत्वपूर्ण है उसे समय पर किया जाना चाहिए। पूर्व में खाद्य औषधी विभाग के अधिकारी को कलेक्टर ने फटकार लगाई थी लेकिन जब उनके साथ हुए घटनाक्रम की जानकारी लगी तो उन्होंने बैठाया। समझाइश देने के साथ में किसी भी आवश्यकता पर बात करने तक का कहां।

पहले भी हो चुका है कांड

तीन साल पहले भी ऐसा ही एक कांड हो चुका है। तत्कालीन कलेक्टर मनीष सिंह ने उस समय के सीएमएचओ डॉ प्रवीण जडिया को बैठक में फटकार लगाई थी। उससे जडिय़ा की तबीयत खराब हो गई। एम्बुलेंस बुलाकर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

नशे पर लगाम

नशे के खिलाफ इंदौर में मुहिम चलाई जा रही है जिसको लेकर कलेक्टर ने पिछले दिनों कोचिंग क्लास संचालकों की बैठक लेकर निर्देश दिए थे। अब उन्होंने एक एक अफसरों को कॉलेज की जिम्मेदारी दी। वे पहुंचकर नशाखोरी के खिलाफ विद्यार्थियों को जागरूक करेगे।