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नया नियम: किसानों की बल्ले-बल्ले, जमीन अधिग्रहण पर ‘टैक्स’ फ्री होगा मुआवजा

MP News: नए नियम लागू होने के बाद जमीन देने वाले किसानों और अन्य भू-स्वामियों को पूरी राशि बिना किसी कर कटौती के मिल सकेगी।
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MP News: सरकारी परियोजनाओं के लिए भूमि अधिग्रहण के बदले मिलने वाली मुआवज़ा राशि अब नए वित्त वर्ष से कर-मुक्त (टैक्स-फ्री) होगी। केंद्र सरकार के इस नए प्रावधान से उन लोगों को बड़ी राहत मिलने वाली है, जिनकी जमीन विभिन्न विकास परियोजनाओं के लिए अधिग्रहित की जा रही है।

शहर में चल रहे तीन प्रमुख प्रोजेक्ट—पश्चिमी बाइपास, अयोध्या बाइपास और मेट्रो परियोजना से जुड़े भूमि स्वामियों को इस फैसले का सीधा लाभ मिलेगा। इन परियोजनाओं के लिए लगभग 400 एकड़ भूमि का अधिग्रहण किया जाना प्रस्तावित है। इसके बदले प्रभावित लोगों को करीब 200 करोड़ रुपए तक की मुआवज़ा राशि दी जाएगी, जो अब टैक्स के दायरे से बाहर रहेगी।

बिना कटौती के मिलेगी राशि

अब तक ऐसी मुआवज़ा राशि पर कर देनदारी को लेकर लोगों में असमंजस की स्थिति बनी रहती थी, जिससे कई बार आर्थिक बोझ भी बढ़ जाता था। लेकिन नए नियम लागू होने के बाद जमीन देने वाले किसानों और अन्य भू-स्वामियों को पूरी राशि बिना किसी कर कटौती के मिल सकेगी।

विशेषज्ञों का मानना है कि इस निर्णय से न केवल प्रभावित लोगों को आर्थिक राहत मिलेगी, बल्कि भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया भी पहले की तुलना में अधिक सहज और तेज हो सकेगी। इससे विकास परियोजनाओं में आने वाली अड़चनें कम होंगी और इंफ्रास्ट्रक्चर से जुड़े कार्यों को गति मिलेगी।

बड़े प्रोजेक्ट्स के ऐसे हाल

पश्चिमी बाइपास: 11 मिल रतनपुर से फंदा जोड इंदौर रोड तक 41 किमी लंबाई में बनेगा। इसके लिए 176 एकड़ जमीन की जरूरत है।

अयोध्या बाइपास: रत्नागिरी तिराहा से आशाराम तिराहा तक 16 किमी लंबाई में 100 एकड़ जमीन की जरूरत है। इसके लिए कुछ हिस्सों के साथ मौजूदा रोड पर काम हो रहा है। जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया जारी है। पेड़ों पर कोर्ट में मामला है।

मेट्रो ट्रेन प्रोजेक्ट: भदभदा से रत्नागिरी तिराहा तक 14 किमी लंबाई की ब्लू लाइन के लिए 32 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण तय किया हुआ है। इसके लिए चार जगह के नोटिफिकेशन हो चुके हैं।

संबंधित एजेंसी प्रोजेक्ट के लिए जमीन की जरूरत बताती है। उसके अनुसार तय नियम प्रक्रिया से अधिग्रहण शुरू करते हैं। एजेंसी तय नियमों से मुआवजा राशि प्रशासन के माध्यम से वितरित करती है। अलग-अलग क्षेत्रों में हमारी टीम इसके लिए काम कर रही है। - प्रकाश गोयल, एडीएम