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किशोर वाधवानी के ‘दबंग दुनिया’ में काला धन हो रहा था सफेद, प्रशासन भी आ गया घेरे में

ऑपरेशन कर्क : 1.5 लाख बताकर छापता था अखबार की 6 हजार कापियां ,अवैध कमाई को करता था मीडिया के विज्ञापन में एडजस्ट

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किशोर वाधवानी के 'दबंग दुनिया' में काला धन हो रहा था सफेद,  प्रशासन भी  आ गया घेरे में

किशोर वाधवानी के 'दबंग दुनिया' में काला धन हो रहा था सफेद, प्रशासन भी आ गया घेरे में

इंदौर। करोड़ों की टैक्स चोरी के मामले में गिरफ्तार किशोर वाधवानी को सोमवार को 30 जून तक जेल भेज दिया गया। डीजीजीएसटी ने सिगरेट तस्करी में भी वाधवानी पर 105 करोड रुपए की टैक्स चोरी निकाली है। डीजीजीएसटी का दावा है कि वाधवानी ने काले धन को सफेद करने के लिए अपने मीडिया हाउस अखबार दबंग दुनिया का सहारा लिया। अफसरों का कहना है कि अखबार की प्रतिदिन की कॉपी 1.20 से 1.50 लाख बताई जा रही थी, जबकि जांच में 4 से 6 प्रतियां ही प्रचलन में मिली। विज्ञापनों की आय दिखाकर काला धन सफेद किया गया।

प्रशासन भी घेरे में आ गया
बता दें कि डीआरआई ने 30 मई को सियागंज के कारोबारी पर कमाई कार्रवाई की थी फिर गुटका तस्कर संजय माटा हाथ लगा और छापा ऑपरेशन कर्क में बदल गया। जांच में मास्टरमाइंड वाधवानी का नाम सामने आया बताया। जांच में पता चला कि किशोर वाधवानी ने प्रेस और मीडिया हाउस का भी इस्तेमाल किया। मामला बढ़ा तो लॉक डाउन में किशोर वाधवानी की गाड़ियों को छूट देने वाला और पान मसाला कारोबारी का माल निकालने की अनुमति जारी करने वाला जिला प्रशासन भी घेरे में आ गया।

सिगरेट तस्करी से 105 करोड़ की टैक्स चोरी
अपर सत्र न्यायाधीश बृजेश सिंह की कोर्ट में सोमवार दोपहर 3:30 बजे वाधवानी को लाया गया। किशोर वाधवानी का चेहरा उतरा हुआ था। चलने में ही परेशानी हो रही थी। आदेश होने तक करीब 1 घंटे तक वाधवानी को कोर्ट परिसर में कार में बैठा कर रखा गया। इस दौरान ऐसी चालू था। फिलहाल विभाग और रिमांड नहीं मांगी।

टैक्स चोरी
400 करोड़ की टैक्स चोरी का पान मसाला और तंबाकू में
500 करोड़ के पार पहुंचा आंकड़ा सिगरेट के तस्कर के बाद
1500 कॉर्टन की हर महीने से तस्करी सिगरेट के दो ब्रांड में

जनरेटर से चलती थी मशीन
सांवेर रोड पर स्थित कंपनी पर कार्रवाई में पता चला कि प्रोडक्शन रूम के लिए रास्ता भी गोपनीयता था। मशीनों का कनेक्शन जनरेटर से था ताकि बिजली खपत के आधार पर फैक्ट्री का पता नहीं लगे। फैक्ट्री में जितनी सिगरेट का उत्पादन हो रहा था उसमें से 5% को ही कागज पर दिखाया गया।