24 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Indore News : मध्यप्रदेश में सबसे ज्यादा इलेक्ट्रिक वाहन इंदौर में

संभाग के 15 जिलों में चल रहे 11 हजार में से 9550 वाहन शहर व ग्रामीण क्षेत्रों में, खर्चा कम आने से बिजली चलित वाहन चालन में बढ़ोत्तरी, छोटे वाहन 2 व बस 30 यूनिट में हो रहे चार्ज

3 min read
Google source verification
Indore News : मध्यप्रदेश में सबसे ज्यादा इलेक्ट्रिक वाहन इंदौर में

Indore News : मध्यप्रदेश में सबसे ज्यादा इलेक्ट्रिक वाहन इंदौर में

उत्तम राठौर

इंदौर. पेट्रोल-डीजल और सीएनजी की लगातार बढ़ती कीमतों के चलते लोगों की रुचि अब इलेक्ट्रिक वाहनो की तरफ बढऩे लगी है। मध्य प्रदेश में सबसे ज्यादा इलेक्ट्रिक वाहन इंदौर में फर्राटे भर रहे हैं। प्रदेश के 50 हजार वाहनों में से इंदौर-उज्जैन संभाग के 15 जिलों में दौड़ रहे 11 हजार इलेक्ट्रिक वाहनों में से इंदौर शहर व ग्रामीण क्षेत्रों का आंकड़ा 9550 वाहनों का है। दो-तीन वर्षों में इलेक्ट्रिक वाहनों की संख्या बढ़ी है। खर्च कम आने से बिजली चलित वाहनों के चलन में बढ़ोतरी हुई है, क्योंकि छोटे वाहन 2 यूनिट और बस 30 यूनिट में चार्ज हो जाते हैं।

स्वच्छता में नंबर वन और स्मार्ट सिटी इंदौर में सबसे ज्यादा इलेक्ट्रॉनिक वाहन बस, लोडिंग रिक्शा, सवारी रिक्शा, बाइक और स्कूटर आदि चल रहे हैं। इनसे न केवल प्रदूषण कम हो रहा है, बल्कि वाहन स्वामियों को बचत भी हो रही है। बिजली से चलित वाहनों में पेट्रोल-डीजल की तुलना में लगभग 20 से 25 फीसदी ही व्यय वहन करना पड़ता है और 80 फीसदी ईंधन खर्च बचता है।

इन वाहनों का बैटरी बैकअप अच्छा रहता है। इस वजह से कारें 400 से 500 किलो मीटर तक चल जाती हैं। बाइक 200 और स्कूटर 100 किलो मीटर तक जा सकते हैं। लोडिंग वाहन भी ई व्हीकल के रूप में 10 क्विंटल वजन 50 किलो मीटर तक ले जा सकते हैं। इस तरह ई व्हीकल रोजगार के हिसाब से भी कारगर हो रहे हैं। लगभग 80 फीसदी वाहन स्वामी अधिकतम इतनी ही दूरी एक दिन या एक बार में तय करते हैं, इसलिए लोगों की रुचि इनमें बढ़ती जा रही है। यही नहीं, ये वाहन न तो शोर करते और न ही धुंआ छोड़ते हैं। ऐसे में ये पर्यावरण हितैषी भी हैं।

कंपनी की रिपोर्ट में हुआ खुलासा

इधर, पश्चिम क्षेत्र बिजली वितरण कंपनी इंदौर अंतर्गत आने वाले इंदौर-उज्जैन संभाग के 15 जिलों में से सबसे ज्यादा वाहन इंदौर शहर और ग्रामीण में चल रहे हैं। इसका खुलासा कंपनी की एक रिपोर्ट से हुआ है। इसमें मध्यप्रदेश में वाहनों की संख्या 50 हजार के पार बताई गई है। प्रदेश में सबसे ज्यादा इलेक्ट्रिक वाहन इंदौर में हैं। इंदौर-उज्जैन संभाग के 15 जिलों में चलने वाले 11 हजार इलेक्ट्रिक वाहनों में से इंदौर शहर और ग्रामीण का मिलाकर आंकड़ा 9550 है। इन वाहनों में से ई स्कूटर और ई रिक्शा दोनों की संख्या सवा 4 हजार है। इस तरह ई व्हीकल में 90 फीसदी अंश इन दोनों प्रकार के वाहनों का है।

बिजली 7 रुपए यूनिट

शहर में काफी महिलाएं और पुरुष ई रिक्शा चलाकर परिवार का पालन कर रहे हैं। हालांकि इलेक्ट्रिक वाहन घर, कारखानों, वाहन स्टैंडों और चार्जिंग स्टेशन पर बिजली से चार्ज हो रहे हैं। वाहन को चार्ज करने के लिए चार्जिंग स्टेशन को लगभग 7 रुपए यूनिट ही बिजली व्यय देना पड़ता है। इसके साथ कोई भी वाहन स्वामी अपना वाहन अपने घर पर मौजूदा दरों पर ही चार्ज कर सकता है। इसी कारण घरेलू उपयोग के लिए बाइक और स्कूटर आदि भी इलेक्ट्रिक मोड वाले अब तेजी से लिए जा रहे हैं।

लोगों का रुझान बढ़ा

इलेक्ट्रिक वाहन अपनाने में पहले लोग परहेज करते थे, लेकिन एक वर्ष में लोगों का रूझान इस ओर बढ़ा है। इंदौर जिले में करीब 9550 वाहन और संभाग में लगभग 11000 वाहन ऐसे हैं, जो पेट्रोल, डीजल, सीएनजी की बजाय बिजली संग्रिहत बैटरी से सरपट दौड़ रहे हैं। प्रदेश में भी इंदौर इलेक्ट्रिक वाहन चलने में अव्वल है। कोई भी व्यक्ति स्वयं का वाहन अपने ही घर के बिजली के मौजूदा कनेक्शन से चार्ज कर सकता है। ई व्हीकल के मामले में बिजली वितरण कंपनी मप्र नियामक आयोग के सभी निर्देशों का पालन कर रही है।

- अमित तोमर, प्रबंध निदेशक, मप्रपक्षेविविकं इंदौर