
MP के इस शहर में मूंगफली और अंडे बेचते थे Johnny Walker, नाम था 'बदरुद्दीन काजी'
इंदौर. अभिनेता जॉनी वॉकर का इंदौर से गहरा नाता रहा है। उनकी फिल्मी कामयाबी के किस्सों से हर कोई रूबरू है, लेकिन आज हम उन्हें याद करते हैं अपने बदरुद्दीन काजी के रूप में। हां, फिल्मी दुनिया में आने से पहले उनका यही नाम था। उनकी शुरुआती शिक्षा इंदौर में ही हुई। वे छावनी और बड़वाली चौकी क्षेत्र में रहते थे और रेसीडेंसी स्कूल में पढाई करते थे। अब इस स्कूल का नाम संयोगितागंज हायर सेकंडरी है। विद्यालय में आज भी उनका नाम स्कूल के बोर्ड पर अंकित है। शनिवार को उनकी पुण्यतिथि है। 2003 में उनका निधन हुआ था।
बदरुद्दीन काजी का जन्म 1926 में हुआ था। इंदौर में रहने के दौरान उनका अधिकतम समय संघर्ष भरा रहा। उनके पिता मिल में काम करते थे।मुफलिसी के दिनों में बदरुद्दीन ने अंडे और मूंगफली बेची। फिर वे पिता के साथ बंबई (मुंबई) चले गए। वहां वे बस कंडक्टर बने और बस में मिमिक्री करते थे। यहीं से फिल्मी दुनिया का रास्ता खुला।
फिल्मों में काम मिला तो बदला नाम
बदरुद्दीन काजी को एक फिल्म में भीड़ में खड़े होने का काम मिला। फिर गुरुदत्त ने उन्हें फिल्म बाजी में मौका दिया और उनका नाम जॉनी वॉकर रखा। उन्होंने कई फिल्मों में शराबी का अभिनय किया, लेकिन असल जीवन में वे शराब से दूर रहे।
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बदरुद्दीन काजी या जॉनी वॉकर का इंदौर से प्रेम कभी कम नहीं हुआ। वे इंदौर में छावनी और बड़वाली चौकी में लगभग 20 वर्ष तक रहे। यहां उनका समय संघर्षपूर्ण रहा। मूंगफली और अंडे बेचे। फिल्मी दुनिया में बहुत नाम होने के बाद भी वे अक्सर इंदौर आते थे। कई फिल्मी हस्तियों को भी वे यहां लाए। उनकी बेटी की शादी इंदौर के परिवार में हुई थी।
Published on:
29 Jul 2023 02:04 am
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