2 अप्रैल 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

मंत्री के आदेश पर अब सभी राशन दुकानों की जांच

सिर्फ ३२४७ से ही मशीन से वितरण

2 min read
Google source verification
news

सिर्फ 3247 से ही मशीनों से ही बंटेगा राशन,सिर्फ 3247 से ही मशीनों से ही बंटेगा राशन

इंदौर। सरकार भले ही गरीबों के लिए विभिन्न योजनाएं ला रही हो और उच्च तकनीक का उपयोग कर रही हो लेकिन अभी भी अधिकारी किसी न किसी कारण से पूरी तरह से अमल नहीं कर पा रहे है। पूरे संभाग में जहां ३५९९ राशन दुकानों में से अभी तक ३५२ दुकानों से ऑफ लाइन राशन का वितरण हो रहा है। इंदौर में भी ६ दुकानों पर अभी भी पीएसओ मशीन से राशन का वितरण नहीं हो पा रहा है।

खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री प्रद्युम्नसिंह तोमर भी प्रदेश में गरीबों तक हर हाल में जहां राशन पहुंचाने की मंशा रखते है। लेकिन अधिकारियों की लालफीता शाही के चलते आज भी कई गरीब राशन दुकानों से मिलने वाले राशन से महरूम है। लंबी-लंबी कतारे और मशीन खराब होने का बहाना बनाकर राशन नहीं दिया जा रहा है। सोमवार को जब मंत्री ने खुद राशन दुकानों की आकस्मिक जांच की तो वहां पर कई लोगों ने राशन नहीं मिलने की शिकायत की। यहां तक की कई लोगों ने खराब राशन मिलने की शिकायत तक की। मंत्री खुद दुकान से २० किलों गेंहू खरीदकर बैठक में पहुंचे और अधिकारियों की पाठशाला भी लगाई।

नेटवर्क की समस्या बहाना

बैठक में भी अधिकारी मंत्री के समक्ष नेटवर्क नहीं होने का बहाना बनाने से भी नहीं चुके। लेकिन खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति के डायरेक्टर अविनाश लवानिया ने उनकी इस बात को एक सिरे से खारिज क दिया कि राशन देने के लिए तो टू जी ही काफी है। केबी में ही तो फाइल जाती है। संभाग में ३५९९ दुकानों पर मशीन तो लगा दी है लेकिन स्थिति यह है कि ३५२ पर अभी भी ऑफलाइन ही राशन का वितरण हो रहा है।

पीएसओ मशीन की यह है स्थिति

जिला कुल दुकानें ऑफ लाइन दुकानें

अलीराजपुर २९८ ४१

बड़वानी ४३३ ११०

बुरहानपुर २३० ४०

धार ७७१ २८

इंदौर ५४३ ६

झाबुआ ३५५ २१

खंडवा ४४९ ५४

खरगोन ५२० ५२

-------------------------------------------

कुल ३५९९ ३५२

----------------------------------------------

दुकानों की जांच की जा रही

मंत्री के आदेश पर अब सभी राशनों की दुकान की जांच की जा रही है। जब पीएसओ मशीन लगी हुई है तो दुकानों पर ऑफ लाइन राशन का वितरण नहीं होना चाहिए। साथ ही स्टाक और राशन वितरण की स्थिति की भी जांच की जा रही है।

डी डी मुजालदे, खाद्य नियंत्रक

-----------------