
PM Awas Yojana: 15 मंजिला तक बिल्डिंग निर्माण की योजना (Photo Source - Patrika)
PM Awas Yojana MP: एमपी के इंदौर शहर में पीएम आवास योजना के अधूरे पहले चरण के बीच अब दूसरे चरण में तीन परिसरों के लिए टेंडर जारी कर दिए हैं। पहले चरण की खामियों से सबक लेते हुए नए प्रोजेक्ट लीकेज प्रूफ बनाने की तैयारी है। कुछ परिसरों में आवासीय इकाई का क्षेत्रफल बढ़ाया गया है। कॉमन एरिया में उपयोग होने वाली बिजली बचाने के लिए सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने की प्लानिंग है। करीब 5 हजार आवासीय इकाई का निर्माण किया जाएगा।
पीएम आवास योजना के पहले चरण में करीब एक दर्जन परिसर बनाने की योजना थी। कई परिसर तो शुरुआती दौर में ही बुक हो गए थे, लेकिन कुछ प्रोजेक्ट बदहाली की भेंट चढ़ गए तो कई अधूरे रह गए। बुकिंग के बाद भी पजेशन नहीं मिला तो कई लोगों ने बुकिंग निरस्त कर दी। अब जमीन आवंटन के बाद दूसरे चरण के लिए काम शुरू कर दिया गया है।
प्रधानमंत्री आवास योजना-2.0 को लेकर दावा किया है कि इस बार लीक प्रूफ निर्माण किया जाएगा। पहले चरण के कई प्रोजेक्ट्स में लीकेज की बड़ी समस्या थी, इसलिए इस बार नियम-शर्तों में इसका हवाला दिया गया है।
आवश्यकता होने पर दीवारों की चौड़ाई बढ़ाने की कोशिश होगी। दूसरे चरण के प्रोजेक्ट्स में कुछ इमारतों की ऊंचाई 15 मंजिल तक होगी। अब तक 7 8 मंजिल तक के ही प्रोजेक्ट्स पर काम किया गया है। ईडब्ल्यूएस श्रेणी में इकाइयों का क्षेत्रफल पिछले प्रोजेक्ट से अधिक तय किया गया है। मालूम हो, रंगवासा, सिंदौड़ा और सनावदिया में करीब 5 हजार से अधिक फ्लैट बनाने के टेंडर जारी किए है। यहां वन, टू, थ्री और फोर बीएचके के फ्लैट बनाने की योजना है। पांच परिसरों का निर्माण किया जाना है, लेकिन शुरुआत में तीन का काम किया जाएगा।
रंगवासा- 2000
सिंदौड़ा-1500
सनावदिया-1500
शहर की बड़ी बिल्डिंग्स में अग्नि सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम हों इसलिए जिन बिल्डिंग में फायर सेफ्टी नहीं है, उनके बाहर चेतावनी बोर्ड लगाए जाएंगे, ताकि लोगों को यह पता चल सके कि यह भवन असुरक्षित है। निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल ने फायर सेफ्टी को लेकर नगर निगम अधिकारियों की वर्चुअली बैठक ली। बैठक में निर्देश दिए कि शहर के सभी मॉल, अस्पताल, होटल, रेस्टोरेंट, कोचिंग संस्थान एवं बड़े भवनों में अग्नि सुरक्षा से संबंधित सभी मानकों का शत-प्रतिशत पालन किया जाए। जिन भवनों में फायर सेफ्टी के आवश्यक उपकरण, आपातकालीन निकास, अग्निशमन प्रणाली एवं अन्य सुरक्षा व्यवस्थाएं निर्धारित मानकों के अनुरूप उपलब्ध नहीं हैं, उनके विरुद्ध नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल ने बताया कि अग्नि सुरक्षा संबंधी बैठक के दौरान अधिकारियों को निर्देशित किया कि जिन भवनों पर पूर्व में अग्नि सुरक्षा मानकों का पालन नहीं करने के कारण सील करने की कार्रवाई की जा चुकी है और उसके बाद भी संबंधित संचालकों द्वारा आवश्यक फायर सेफ्टी व्यवस्थाएं सुनिश्चित नहीं की गई है, ऐसे भवनों के बाहर नगर निगम की ओर से स्पष्ट चेतावनी सूचना बोर्ड लगाया जाए। इस सूचना बोर्ड पर उल्लेख होगा कि इस भवन में अग्नि सुरक्षा एवं फायर सेफ्टी की पर्याप्त व्यवस्था उपलब्ध नहीं है। कृपया सावधानी बरतें।
Updated on:
19 Jul 2026 05:54 pm
Published on:
19 Jul 2026 05:54 pm
