24 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

प्यून देख रहा था गर्ल्स स्कूल में पोर्न विडियो और पड़ गई साहेब की नजर

छात्राओं के एक सरकारी स्कूल में प्यून मोबाइल पर पोर्न विडियो देख रहा था। स्कूल में १२ वीं कक्षा की परीक्षाएं भी चल रही थी। जिला शिक्षा अधिकारी निरीक्षण पर पहुंचे और उनकी नजर मोबाइल देख रहे प्यून पड़ गई। फिर क्या था, साहेब ने प्यून को सस्पेंड कर दिया। अब प्यून के संबंध में और जानकारी विभाग जुटा रहा है।

2 min read
Google source verification
pune was watching porn videos in girls school

pune was watching porn videos in girls school

इंदौर।

बड़ा गणपति स्थित शासकीय शारदा कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में मोबाइल फोन पर अश्लील फिल्म देखने वाले भृत्य विकास तिवारी को निलंबित कर दिया गया है। अब विभाग उसके पुराने रिकॉर्ड भी खंगालेगा। इतना ही नहीं, पास स्थित छात्रावास से भी जानकारी जुटाई जाएगी। उसकी पूर्व प्राचार्य और छात्राएं भी कई बार शिकायतें कर चुकी थीं। उक्त स्कूल में परीक्षा केंद्र है और जब जिला शिक्षा अधिकारी मंगलेश व्यास निरीक्षण करने पहुंचे तो 12 वीं का पेपर चल रह था। वहीं भृत्य तिवारी मोबाइल देखने में लगा हुआ था। व्यास जब वे निरीक्षण करने जा रहे थे तो वह भी अधिकारी के रूप में साथ-साथ चलता रहा। इस पर डीईओ ने पूछ लिया कि कौन सा विषय पढ़ाते हो, तब तिवारी ने बताया कि वह प्यून है। गंदगी देखकर डीईओ ने जमकर डांट भी लगाई और मोबाइल चलाने पर भी नाराजगी व्यक्त की थी। स्टाफ ने भी बताया कि तिवारी कार्य के प्रति गंभीर नहीं रहता। अकसर गायब रहता है। इसके बाद डीईओ ने उसे निलंबित कर दिया।

पहले भी हो चुका सस्पेंड

डीईओ के पास प्यून तिवारी को लेकर और भी शिकायतें मिल रही हैं। बताया जा रहा है कि शारदा कन्या स्कूल से पहले वह बिजलपुर में पदस्थ था और वहां भी 2010-11 में निलंबित हो चुका है। 2014 -15 से शारदा कन्या में पदस्थ है।

कर्मचारी-नेता बचाते रहे

बताया जा रहा है कि प्यून की हरकतों की शिकायतें स्कूल का स्टाफ से लेकर पूर्व प्राचार्य व छात्राएं भी कई बार कर चुकी थीं, लेकिन स्टाफ के कुछ कर्मचारी और कर्मचारी नेताओं के संरक्षण के चलते कार्रवाई नहीं हो पाई। प्राचार्य ने कई बार उसे समझाइश तक दी, उसके बाद भी उसने अपनी कार्यशैली में कोई बदलाव नहीं किया। अधिकारियों के पास यहां तक शिकायत पहुंची कि वह बगैर सूचना गायब रहता है और लापरवाह है।

अनुकंपा में हुई थी नियुक्ति

बताया जा रहा है कि विकास तिवारी की नियुक्ति अनुकंपा में हुई है। स्कूल परिसर में आने के बाद वह मोबाइल में ही व्यस्त रहता है। अधिकारियों के आदेश का भी पालन नहीं करता था। उसकी पुरानी शिकायतों के साथ ही उसे सरंक्षण देने वालों के बारे में भी विभाग जानकारी जुटा रहा है। इधर, जिला शिक्षा अधिकारी का कहना है कि हमें प्यून की और भी शिकायतें मिल रही हैं। उसके पुराने रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं। स्टाफ से भी उसकी कार्यशैली की जानकारी ली जाएगी।