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Ratlam Mandal: ट्रेन में घुमाने के बहाने कर दिया ऐसा फर्जीवाड़ा

Ratlam Mandal: पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल में फरवरी माह में हेरिटेज टूर के बहाने मंडल अफसरों ने जमकर फर्जीवाड़ा किया और रेलवे के सरकारी खजाने में सेंधमारी की। इन अफसरों के कारनामे जब मुख्यालय पहुंचे तो विजलेंस टीम ने जांच शुरू कर दी। इस जांच में अफसरों ने खुद को बचाने के लिए एक बाबू को आगे कर दिया।

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इंदौर

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Sanjay Rajak

Oct 12, 2019

Ratlam Mandal: ट्रेन में घुमाने के बहाने कर दिया ऐसा फर्जीवाड़ा

Ratlam Mandal: ट्रेन में घुमाने के बहाने कर दिया ऐसा फर्जीवाड़ा

संजय रजक@इंदौर. पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल में फरवरी माह में हेरिटेज टूर के बहाने मंडल अफसरों ने जमकर फर्जीवाड़ा किया और रेलवे के सरकारी खजाने में सेंधमारी की। इन अफसरों के कारनामे जब मुख्यालय पहुंचे तो विजलेंस टीम ने जांच शुरू कर दी। इस जांच में अफसरों ने खुद को बचाने के लिए एक बाबू को आगे कर दिया। लिहाजा टीम की अनुशंसा पर कमर्शियल विभाग के इस बाबू को तत्काल निलंबित कर दिया गया। अब इस मामले में विजलेंस टीम दस्तावेज जब्त कर जांच कर रही है, जिसमें नए-नए खुलासे हो रहे हैं।
१९ फरवरी को डीआरएम आरएन सुनकर व अन्य अफसरों ने महू-पातालपानी-कालाकुंड हेरिटेज ट्रैक का प्रेस टूर आयोजित किया। शाम को इंदौर से बस से महू और फिर ट्रेन से हेरिटेज ट्रैक का दौरा किया गया। कालाकुंड में सामान्य आयोजन किया गया। जिसमें भोजन और फिर मेंबर रॉलिंग स्टॉक रेलवे बोर्ड ने सम्मान समारोह भी आयोजित किया। इस पूरे आयोजन में रेलवे के खजाने से लाखों रुपए खर्च कर दिए गए। जबकि इस प्रेस टूर का किसी तरह से औचित्य ही नहीं था, क्योंकि दिसंबर २०१८ में शुरू हुए हेरिटेज ट्रैक को कुछ दिन में देशभर में पहचान मिल चुकी थी। शुरू से विवादों में रहे इस आयोजन की शिकायत होने के बाद विजलेंस ने जांच शुरू कर दी है। जिसमें रतलाम मंडल के एक कर्मचारी को सस्पेंड भी कर दिया है।

लाखों रुपए के बिल लगा दिए

विभागीय सूत्रों के अनुसार विजलेंस जांच में सामने आया है कि प्रेस टूर के नाम पर लाखों रुपए वेवजह खर्च किए गए। इस टूर में इंदौर से गिनती के पत्रकार गए थे, इनके लिए पूरी बस लगाई गई। खाना, गिफ्ट, समारोह आदि के नाम पर लाखों रुपए खर्च किए गए, जबकि इसकी जरूरत ही नहीं थी।

इंदौर में हुए आयोजन की हो रही जांच

इधर, इंदौर में पिछले दो वर्ष में नई ट्रेनों के उद्घाटन, नए प्रोजेक्ट आदि के लिए जो समारोह किए गए हैं उसमें भी लाखों रुपए खर्च किए गए हैं, जबकि इस आयोजनों में रेलवे ने अधिकांश खुद की प्रॉपर्टी और सामग्री का उपयोग किया है। १७ मार्च २०१८ को रेलमंत्री पीयूष गोयल इंदौर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म-५-६ पर आयोजित इंदौर-उज्जैन डबल लाइन व अन्य प्रोजेक्ट का उद्घाटन करने आए थे। इस दौरान भी रेलवे ने लाखों रुपए खर्च किए थे। विजलेंस टीम आयोजन के दस्तोवज भी जब्त कर साथ ले गई है।

बड़ी कार्रवाई की तैयारी

बताया जा रहा है कि विजलेंस टीम इस बार पूरे मामले में मंडल के वरिष्ठ अफसरों को घेरने की तैयारी में है। यही कारण है कि प्रेस टूर के अलावा अन्य आयोजन के दस्तावेज भी जब्त कर टीम साथ ले गई है। इधर अफसर इस पूरे मामले को दबाने के लिए जोन से लेकर मंत्रालय तक जमावट करने में लगे हैं।

नियमानुसार किया आयोजन
नियमों के अनुसार ही प्रेस टूर आयोजित किया गया है। किसी तरह की जांच चल रही है, इसकी जानकारी नहीं है। -आरएन सुनकर, डीआरएम, रतलाम मंडल