
Narmada on boom - car drowned in river
जबलपुर। मौसम पल पल करवट बदलने लगा है। शनिवार सुबह 6 बजे काले बादल छाए रहे। ऐसी संभावना थी कि बारिश जोरदार होने वाली है, लेकिन 10 बजे से सूर्यदेव दर्शन देने आ गए। जिसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली है। हालांकि अभी भी आसमान में बादलों का डेरा है। हवाओं में इतनी नमी है कि वे ठंड का एहसास दिला रही हैं। सूरज निकलने से तापमान में थोड़ी गर्माहट महसूस की जा रही है।
वहीं, प्रदेश के उत्तर-पूर्वी इलाके के ऊपर चक्रवाती हवाओं का घेरा करीब 5.8 किमी ऊपर बने रहने के कारण शहर में शुक्रवार को बारिश का सिस्टम बना। सुबह लोग नींद से जागे तो झमाझम बारिश हो रही थी। सुबह 10 बजे के करीब पानी का दौर थमा। दोपहर में कहीं-कहीं रिमझिम बारिश हुई। शाम पांच बजे के बाद बादलों ने एक बार फिर असर दिखाया। कुछ देर तक झमाझम के बाद देर रात तक रुक-रुक कर रिमझिम बारिश होती रही। मौसम विभाग के अनुसार बीते चौबीस घंटे में करीब आधा इंच बारिश दर्ज की गई है। सीजन में अभी तक कुल का आंकड़ा बढकऱ 1046.7 मिमी पर पहुंच गया है। नमी बनी रहने के कारण तापमान सामान्य से नीचे बना हुआ है। अधिकतम तापमान 27 और न्यूनतम 23.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। पश्चिमी हवाएं सात किमी की गति से चल रही है।
बरगी बांध का फिर बढ़ा जल स्तर
केचमेंट एरिया में लगातार हो रही बारिश की वजह से बरगी बांध के बढ़ रहे जलस्तर को नियंत्रित करने के लिए आज शनिवार 8 सितम्बर को सुबह 9 बजे बांध के खुले सभी 11 गेटों से पानी छोड़ने की मात्रा को 3 हजार 465 क्यूमेक किया जाएगा। इसके लिये इन 11 गेटों की औसत ऊंचाई 0.72 मीटर से बढ़ाकर 2.04 मीटर की जाएगी । शनिवार सुबह 6 बजे बांध का जलस्तर 422.90 मीटर दर्ज किया गया था । यह इसके पूर्ण जलभराव स्तर 422.76 मीटर से 0.14 मीटर अधिक है। बांध में इस समय करीब 3300 क्यूमेक बर्षाजल प्रवेश कर रहा था।
सुबह 9 बजे पानी छोड़ने की मात्रा बढ़ाने के लिए बांध के एक - एक मीटर तक खुले पांच गेट ढाई - ढाई मीटर तक खोल दिये जायेंगे । जबकि आधा - आधा मीटर तक खुले छह गेटों में से चार गेट दो - दो मीटर और दो गेट एक-एक मीटर तक खोल दिए जाएंगे । बांध से अभी जलविद्युत उत्पादन इकाइयों के लिए 212 क्यूमेक पानी भी छोड़ा जा रहा है ।
Published on:
8 Sep 2018, 11:51 AM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.