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Great Indian Festival 2020: दिवाली पर बच्चों के लिए इन कपड़ों की बढ़ी डिमांड, देर रात तक गुलजार बाजार

दुकानदारों ने मंगाया नया स्टॉकबच्चों के कपड़ों का ट्रेंड बदला, अब देर रात तक बाजार गुलजार

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diwali 2020 shopping

जबलपुर। दीपावली का पर्व नजदीक आते ही कपड़ों की खरीदी शुरू हो गई है। शहर के प्रमुख कपड़ा बाजारों में देर रात तक लोग खरीदी करने पहुंच रहे हैं। खास बात यह है कि इस बार बच्चों के कपड़ों का ट्रेंड भी बदला है। दुकानदार भी बच्चों की पसंद के अनुसार विभिन्न डिजाइन और वैरायटी के कपड़ों का स्टॉक किया है। जानकारों के अनुसार लॉकडाउन लागू होने के बाद से बच्चों का बाहर निकलना कम हो गया है। स्कूल भी बंद हैं। ऐसे में त्योहारों पर भी वे हल्के कपड़े पहनना पसंद कर रहे हैं। लॉकडाउन खुलने के बाद बच्चों के कपड़े बनाने वाले कारखानों में काम तेज हो गया है। सितंबर में ही नया स्टॉक बाजारों में आ गया था। दशहरा और ईद पर बच्चों के कपड़ों का कारोबार अच्छा चला। अब व्यापारियों को दीपावली का इंतजार है।

बाजार में नया कलेक्शन
शहर के कपड़ा व्यवसायी आशीष जैन ने बताया कि बदले हुए पैटर्न और बच्चों की पसंद के अनुसार कपड़ों का स्टॉक किया है। एक अन्य कपड़ा कारोबारी प्रदीप कुमार के अनुसार बच्चों को हल्के कपड़े ज्यादा पसंद आ रहे हैं। शहर में भी तैयार हो रहे कपड़े बच्चों के लिए 90 फीसदी कपड़े इंदौर, मुंबई, दिल्ली से मंगाए जाते हैं। अब शहर में भी इनका निर्माण शुरू हो गया है। गारमेंट निर्माता अनुराग जैन ने बताया कि बच्चों के लिए कुर्ता-पैजामा और जैकेट के कपड़े अब शहर में बनाए जा रहे हैं। शादियों के सीजन में इनकी मांग अधिक रहती है।

ये है स्थिति
200 से अधिक दुकानें हैं शहर में बच्चों के कपड़ों की
06-08 करोड़ रुपए का कारोबार होता है दशहरा से दीपावली तक
इंदौर, मुंबई और दिल्ली आदि से आते हैं कपड़े
शहर में है बच्चों के कपड़ों का थोक और फुटकर बाजार

इनकी मांग अधिक
जैकेट शर्ट, कैप जैकेट, कुर्ता पैजामा, शर्ट-पेंट, कारगो, कॉटन ट्राउजर, लूज डेनिम, डांगरी, फ्रॉक, मैक्सी डे्रस, टॉप-स्कर्ट, रोज फ्लावर फ्रॉक।