जबलपुर। आपसी सहमति से वर्षों पुराने विवाद का निपटारा होते ही दम्पती के चेहरे पर खुशी छा गई। जीवन भर साथ निभाने का वचन दोहराते हुए वे घर के लिए रवाना हो गए। ये दृश्य शनिवार को हाईकोर्ट में आयोजित लोक अदालत के हैं, जहां साथ छोडऩे की कानूनी लड़ाई लड़ रहे दम्पती ने सारे गिले-शिकवे दूर करते हुए एक दूसरे का हाथ थामा। उच्च न्यायालय विधिक सेवा समिति द्वारा आयोजित लोक अदालत मेें 48 प्रकरणों का आपसी सहमति से निराकरण किया गया।
हाईकोर्ट के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधिपति राजेन्द्र मेनन और उच्च न्यायाल विधिक सेवा समिति के अध्यक्ष न्यायमूर्ति संजय सेठ के मार्गदर्शन में लोक अदालत का आयोजन किया गया जहां गठित खंडपीठ में न्यायमूर्ति अनुराग श्रीवास्तव एवं सदस्य शशांक शेखर शामिल थे।
जीवनभर साथ रहने का किया वादा
उच्च न्यायालय विधिक सेवा समिति के सचिव चंद्रा ने बताया कि सागर निवासी ज्योति सिंह जाट और उनके पति देवेन्द्र सिंह के बीच वर्षों से चले आ रहे पारिवारिक एवं अन्य विवादों का लोक अदालत में पटाक्षेप हो गया। लोक अदालत में दी गई समझाइश के बाद दम्पती ने समस्त प्रकरणों को समाप्त करने का निर्णय ल्किया। लोक अदालत में दम्पती ने प्रण लिया कि वे अब सुखपूर्वक साथ साथ रहेंगे।
इन प्रकरणों में हुई सुलह
लोक अदालत में मोटर दुर्घटना के क्षतिपूर्ति प्रकरण, प्रथम एवं द्वितीय अपील, रिट पिटीशन, समस्त समझौता योग्य एवं आपराधिक प्रकरणों का आपसी सहमति से निपटारा हुआ।