28 मई 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

घाट पर हो रही थी पूजा, तभी प्रकट हो गईं साक्षात् मां नर्मदा- देखें ये लाइव वीडियो

भक्ति में झूमते भक्तों ने पहले तो माता के पैर पखारे, फिर उनका पूजन कर मंच पर विराजमान किया

2 min read
Google source verification
Padmaavat, Sanjay Leela Bhansali, Test cricket, Virat Kohli, Deepika Padukone, Ranveer Singh, Shahid Kapoor, Cheteshwar Pujara, Bandh, Karnataka,

भक्ति में झूमते भक्तों ने पहले तो माता के पैर पखारे, फिर उनका पूजन कर मंच पर विराजमान किया।

जबलपुर। मां नर्मदा का जन्मोत्सव बुधवार को धूमधाम से मनाया गया। लाखों की संख्या में नर्मदा भक्त मां नर्मदा के तटों पर पहुंचे और पूजन वंदन कर माता से सदैव कृपा बनाए रखने की प्रार्थना की। किसी ने केक काटा तो किसी ने भंडारा प्रसाद का वितरण किया। विविध आयोजन भी घाट पर समितियों द्वारा आयोजित किए गए। तिलवाराघाट में इसी तरह के आयोजन में माता का पूजन हो रहा था, तभी भक्तों के बीच मगर पर विराजमान मां नर्मदा साक्षात पहुंच गईं। जिन्हें देखकर भक्त दंग रह गए। भक्ति में झूमते भक्तों ने पहले तो माता के पैर पखारे, फिर उनका पूजन कर मंच पर विराजमान किया।
दरअसल, एक समिति द्वारा तिलवाराघाट नर्मदा तट पर सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया था। जिसमें गीत संगीत व भजनों आदि की प्रस्तुतियां दी जा रही थीं। नर्मदाष्टक का गान हो रहा था, तभी छोटी सी बच्ची सौम्या शर्मा मगर पर सवार होकर मां नर्मदा का शृंगार किए हुए लोगों के बीच पहुंच गई। लोग भक्तिभाव विभोर होकर उसकी जय जयकार करने लगी। सौम्या का मनमोहक रूप देखकर चकित हो गए। माताओं बहनों ने माता की नजर उतारी तो भक्तों ने माता से आशीर्वाद लिया।
दिया स्वच्छता का संदेश
मां नर्मदा बनकर आई नन्हीं बालिका ने नर्मदा को स्वच्छता व स्वस्थ रखने की अपील की। उसने कहा कि लोगों को यह संकल्प करना चाहिए कि वे कभी नर्मदा में गंदगी नहीं करेंगे। इसके साफ स्वच्छ रखने में सदैव सहयोग करेंगे। लोगों ने उसकी बात पर संकल्प भी किया।

ये भी हुए आयोजन-
नर्मदा प्रतिमा का पूजन- नर्मदा सेवा यात्रा समिति जाबालिपुरम् के तत्वावधान में मातेश्वरी शक्तिपीठ गढ़ा में स्थापित नर्मदा प्रतिमा के समक्ष अनुष्ठान हुआ।
द्वादश ज्योतिर्लिंगों का अभिषेक - र्मदा महाआरती समिति ने ग्वारीघाट में दोपहर १२ बजे संतों के सान्निध्य में तट पर स्थापित द्वादश ज्योतिर्लिंगों का अभिषेक व महाआरती की। समिति संयोजक ओंकार दुबे ने बताया कि १२ बजे प्राकट्योत्सव मनाया गया।
सात दिवसीय पर्व शुरू- प्रशासन ने ग्वारीघाट समेत सभी २७ तटों पर ७ दिवसीय जन्मोत्सव पर्व की शुरुआत की। उमा घाट में पूजन-अनुष्ठान, धार्मिक-सांस्कृतिक कार्यक्रम हुए।
५ किलोमीटर क्षेत्र सेक्टर्स में तब्दील
नर्मदा जयंती पर्व पर इस बार ग्वारीघाट में कुं भ मेले की तर्ज पर तैयारियां की गई थीं। 5 किलोमीटर के क्षेत्र को सेक्टर्स में तब्दील किया गया था। रेत नाका से झंडा चौक होते हुए मुख्य तट, अवधपुरी, आयुर्वेदिक कॉलेज मैदान से पुराने रेलवे टै्रक, गीताधाम मैदान, पगलानंद आश्रम से सभी मुख्य तटों व पहुंच मार्गों पर प्रशासनिक अधिकारी, पुलिस जवान, वॉलेंटियर्स, सामाजिक कार्यकर्ता व्यवस्थाओं को संभाल रहे थे।