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patrika campaign : टेलीग्राम पर आए पेपर के झांसे में ना आना…वर्ना पड़ जाएगा महंगा

patrika campaign : 10वीं-12वीं की बोर्ड परीक्षाएं शुरू होने वाली हैं। छात्रों पर पर अच्छे नंबर लाने का दबाव है।

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patrika campaign : 10वीं-12वीं की बोर्ड परीक्षाएं शुरू होने वाली हैं। छात्रों पर पर अच्छे नंबर लाने का दबाव है। ऐसे में वे किसी पर भी भरोसा कर लेते हैं। इसका फायदा साइबर ठग उठाते हैं। वे टेलीग्राम में विभिन्न ग्रुप बनाकर फर्जी प्रश्न-पत्र अपलोड करते हैं। इसके एवज में बच्चों से मेंबरशिप के नाम पर रुपए ऐंठते हैं। ग्रुप में अपलोड होने वाले प्रश्न-पत्रों के भरोसे वे परीक्षा में शामिल होते हैं। परीक्षा में उक्त प्रश्न-पत्र न आने पर मानसिक तनाव बढ़ जाता है। पिछले साल ऐसे कई मामले और टेलीग्राम ग्रुप की जानकारी सामने आई थी, जिसमें फर्जी प्रश्न-पत्र अपलोड कर रुपए ऐंठे गए थे।

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patrika campaign : ऐसे करते हैं ठगी

साइबर ठग पुराने परीक्षा प्रश्न-पत्रों का वीडियो बनाकर टेलीग्राम पर पोस्ट करते हैं, जो पांच से आठ सेकंड का होता है। इसमें यह दावा किया जाता है कि ये प्रश्न-पत्र असली हैं। प्रश्न-पत्र प्राप्त करने के लिए वे रुपयों की मांग करते हैं। इसके लिए साइबर ठग अलग-अलग ग्रुप टेलीग्राम पर बनाते हैं। रुपए ऐंठने के बाद ग्रुप को बंद कर दिया जाता है।

patrika campaign : इन बातों का रखें विशेष ध्यान…

●परीक्षा से पहले मिली गेसिंग या पेपर पर भरोसा न करें।
●अभिभावक बच्चों को इस फर्जीवाड़े की जानकारी दें।
●अभिभावक बच्चों द्वारा उपयोग की जाने वाली सोशल नेटवर्किंग साइट पर नजर रखें।
●प्रश्न-पत्र के बदले रुपए मांगे जाने की शिकायत तत्काल पुलिस से करें।
●न तो किसी ग्रुप में न एड हों न किसी को सलाह दें।

patrika campaign : साइबर ठग क्यू आर कोड भेज ऐंठते हैं पैसे

  1. पिछले साल एमपी बोर्ड 10वीं की परीक्षाएं 5 फरवरी से शुरू हुई, पहले दिन हिंदी की परीक्षा थी। खबर आई कि पेपर टेलीग्राम पर आ गया है। प्रश्नपत्र के अलग-अलग पेज की फोटो भी सामने आई। जिसके बाद माशिमं मंडल ने जांच की तो पेपर फर्जी निकला। पुलिस ने बताया, ये ठग हैं, फर्जी पेपर बनाकर फैला रहे हैं और क्यूआर कोड के जरिए पैसे ले रहे हैं। मामले में दो लोगों को गिरफ्तार भी किया गया था।
  2. इसी साल जनवरी में कक्षा 10वीं और 12वीं प्री-बोर्ड के सभी पेपर सोशल मीडिया पर लीक हो गए। सभी पेपर सोशल मीडिया साइट् इंस्टाग्राम, टेलीग्राम और यूट्यूब पर वायरल हुए। परीक्षा दिनांक पर अंग्रेजी का पेपर 11 बजे शुरू हुआ, लेकिन 6 घंटे पहले ही सोशल मीडिया पर पहुंच गया। उसके अगले दिन गणित का पेपर भी 21 घंटे पहले ही छात्रों को मिल गया था।

patrika campaign : साइबर ठग टेलीग्राम पर फर्जी प्रश्न-पत्र अपलोड कर छात्रों से मेम्बरशिप लेने या रुपए देने की बात कहते हैं। इससे छात्रों और अभिभावकों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।

  • सूर्यकांत शर्मा, एएसपी