इन क्षेत्रों का हो सकता है विकास
ग्वारीघाट व तिलवारा- धार्मिक दृष्टि से दोनों स्थलों का विकास हो सकता है। इसे धार्मिक क्षेत्र भी घोषित किया जा चुका है।
बरगी डैम स्थित टापुओं का विकास- बरगी डैम में कई टापू हैं। आस-पास भी कई एेसे स्थल हैं, सालभर पर्यटकों को आकर्षित किया जा सकता है। यहां एडवेंचर और वॉटर स्पोट्र्स के कई रोमांचक गतिविधियां आयोजित की जा सकती हैं।
तालाबों का विकास- शहर में 36 के लगभग तालाब बचे हैं। इसमें दो दर्जन भर तालाब एेसे हैं जिसे पयर्टन की दृष्टि से विकसित किया जा सकता है।
ईको टूरिज्म- जिले में खंदारी, डुमना व बरगी क्षेत्र में ईको टूरिज्म को बढ़ावा दिया जा सकता है
रोप-वे- मदन महल की पहाड़ी प्राकृतिक सौंदर्य के बल पर पर्यटकों में खास जगह बना सकती है। रोप-वे से पहाड़ी व मदन महल किले के दर्शन जैसी कई योजनाएं बनीं, लेकिन प्रशासन ने पैसों के अभाव में कदम वापस कर लिए।