
Public service center
जबलपुर. आवेदन शुल्क में कटौती पर लोकसेवा केंद्रों के संचालकों ने बुधवार को काम बंद कर दिया। जिले में शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित केंद्रों में कोई काम नहीं हुआ। ऐसे में दूरदराज से आवेदन पत्र लेने और जमा करने के लिए आए लोगों को भटकना पड़ा। दोपहर में कलेक्टर से मिले आश्वासन के बाद केंद्रों में काम शुरू हुआ, लेकिन तब तक लोग चले गए थे।
आश्वासन मिलने पर दोपहर बाद खुले
शासन ने आवेदन शुल्क में की कटौती
विरोध में संचालकों ने बंद कर दिए लोकसेवा केंद्र
जिला ई-गवर्नेंस कार्यालय के जिले में 11 लोकसेवा केंद्र हैं। शासन के एक आदेश के बाद आवेदन शुल्क में कटौती कर दी गई है। आवेदकों से 35 की जगह 15 रुपए लिए जाएंगे। ऐसे में केंद्रों के संचालकों में आक्रोश बढ़ गया। उनका कहना था कि इतने शुल्क में संचालन मुश्किल है। शासन के इस आदेश के खिलाफ सभी ने हड़ताल पर जाने का निर्णय लिया।
सुबह सभी केंद्र संचालकों ने केंद्रों का दरवाजा खोला, लेकिन किसी प्रकार के आवेदन लेने और जमा करने से मना कर दिया। मूल निवासी, जाति प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र सहित अलग-अलग प्रकार के आवेदन लेकर पहुंचने वालों को निराश होकर लौटना पडा। लोगों से कह दिया गया कि सर्वर काम नहीं कर रहा है।
300 से ज्यादा हैं सेवाएं
जीवन से मृत्यु तक हर प्रकार के प्रमाण पत्र या दस्तावेज तैयार करने के लिए लोकसेवा केंद्र में ही आवेदन लिए जाते हैं। सभी विभागों की सेवाओं के लिए यहां आवेदन दिए जाते हैं। 300 से अधिक सेवाएं यहां से मिलती हैं।
संचालकों ने बुधवार को कलेक्टर एवं जिला ई गवर्नेंस समिति के सचिव सौरभ कुमार सुमन को ज्ञापन दिया। उनका कहना था कि इतने कम शुल्क में केंद्र संचालित नहीं किया जा सकता। संचालकों ने बताया कि कलेक्टर ने आश्वस्त किया कि उनकी मांगों से शासन को अवगत कराया जाएगा। इसलिए हड़ताल रोक दी गई। इस दौरान अंकित अग्रवाल, नमन मिश्रा, संजय साहू, सरोज पाठक, शैलेंद्र साहू, मनोज अग्रवाल, अभय शर्मा, दीपक साहू व अन्य संचालक मौजूद थे।
आवेदन शुल्क कम करने को लेकर केंद्र संचालकों ने आपत्ति जताई है। उन्होंने इसके लिए आवेदन दिया है। शासन को उनकी समस्या से अवगत करवा दिया गया है।
चित्रांशु त्रिपाठी, जिला प्रबंधक, ई गवर्नेंस
Published on:
21 Sept 2023 12:09 pm
बड़ी खबरें
View Allजबलपुर
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
