27 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

समदडिय़ा मॉल खतरे में, नियम विरुद्ध निर्माण पर लीज निरस्त

कोर्ट ने सरकार को कहा था कि हर हाल में एक माह के अंदर जेडीए की रिपोर्ट पर विचार के बाद अपना प्रतिवेदन पेश करे

2 min read
Google source verification

image

Lalit Kumar Kosta

Jul 01, 2017

samdariya mall lease cancelled by govt of Mp

samdariya mall lease cancelled by govt of Mp

जबलपुर। नगरीय विकास एवं आवास विभाग प्रमुख सचिव ने एक आदेश जारी कर शहर के बीचों-बीच स्थित एक मॉल की जमीन का पट्टा विलेख निरस्त कर दिया है। सरकार की ओर से मप्र हाईकोर्ट में पेश रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई है। गत 3 मई को कोर्ट ने सरकार को कहा था कि हर हाल में एक माह के अंदर जेडीए की रिपोर्ट पर विचार के बाद अपना प्रतिवेदन पेश करे।

यह है मामला
सुशील मिश्रा ने समदडि़या मॉल की जमीन आवंटन के खिलाफ याचिका दायर की थी। इसमें कहा गया है कि 20 जनवरी 2016 को जेडीए के तत्कालीन सीईओ अवध श्रोत्रिय ने मॉल के खिलाफ एक शिकायत को जांच के बाद सही पाया। अपनी इस जांच रिपोर्ट में उन्होंने मॉल को दी गई लीज निरस्त करने की अनुशंसा कर दी। इसके महज दो दिन के बाद ही श्रोत्रिय का तबादला कर दिया गया। याचिकाकर्ता की ओर से कोर्ट को बताया गया कि मॉल की तीन मंजिलें पूरी तरह अवैध हैं। श्रोत्रिय ने लीज आवंटन निरस्त करने का अनुमोदन किया था।


amazing Collector,Collector sells the vegetable, C

जुलाई 2016 में हुआ था आदेश : वहीं बिल्डर्स की ओर से भी याचिका दायर कर लीज आवंटन निरस्त करने की अनुश्ंासा को चुनौती दी गई है। कहा गया कि बिल्डर्स ने सभी नियमों का पालन किया। सभी कानूनी अनुमतियां प्राप्त करने के बाद ही निर्माण किया गया। इसके बावजूद लीज गलत तरीके से निरस्त करने की अनुशंसा
की गई।
अतिरिक्त आवंटन भी रद्द करो : नगरीय विकास व आवास विभाग प्रमुख सचिव मलय श्रीवास्तव ने उक्त आदेश में कहा है कि अनुबंध की शर्तों के पालन न करने की वजह से भूमि का पट्टा विलेख निरस्त कर जेडीए को इसका स्वामित्व वापस सौंपा जाए। मॉल की जमीन से लगी बिल्डर्स के आधिपत्य वाली जेडीए की अतिरिक्त 6240 वर्गफिट जमीन को रिट अपील का निराकरण होने के बाद संरक्षित करने के लिए कार्रवाई करने को भी कहा गया है।

shravan month 2017 start date,shravan month,shrava

अब तक यह हुआ
27 जून 2016 - जेडीए ने रिपोर्ट पेश कर बताया गया कि दोनों पक्षों को सुनवाई का मौका दिया गया। इसके बाद यह रिपोर्ट तैयार की गई है।
18 जुलाई 2016 - जेडीए को यह रिपोर्ट सरकार के समक्ष प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। ताकि सरकार इसा पर विचार कर अपना प्रतिवेदन कोर्ट में प्रस्तुत कर सके।
3 मई 2017 - कोर्ट ने कहा कि सरकार एक माह के अंदर हर हालत में रिपोर्ट प्रस्तुत करे। इसके बाद संबंधित अधिकारी चार हफ्ते के अंदर इस रिपोर्ट पर कार्रवाई करें।
30 जून 2017 - सरकार ने कहा कि लीज निरस्त करने के आदेश 19 जून को जारी कर दिए गए हैं।

ये भी पढ़ें

image

बड़ी खबरें

View All

ट्रेंडिंग