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WCR : रेलवे बिछाएगा 54 किमी नई लाइन, ललितपुर-सिंगरौली ब्रॉडगेज से जुड़ेगा अमानगंज

बिजलीघरों तक तेजी से कोयला पहुंचाने के बाद रेलवे सीमेंट की ढुलाई बढ़ाकर आमदनी में इजाफा करने की तैयारी कर रहा है। इसके लिए पश्चिम मध्य रेल ने 54 किमी लम्बी नई लाइन बिछाने की योजना बनाई है। यह लाइन अमानगंज से देवेन्द्रनगर (पन्ना) के बीच बिछाई जाएगी।

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Amanganj will be connected with Lalitpur-Singrauli broad gauge

jabalpur railway station

जबलपुर। बिजलीघरों तक तेजी से कोयला पहुंचाने के बाद रेलवे सीमेंट की ढुलाई बढ़ाकर आमदनी में इजाफा करने की तैयारी कर रहा है। इसके लिए पश्चिम मध्य रेल ने 54 किमी लम्बी नई लाइन बिछाने की योजना बनाई है। यह लाइन अमानगंज से देवेन्द्रनगर (पन्ना) के बीच बिछाई जाएगी।

सर्वे शुरू
नई लाइन के लिए रेल विकास निगम लिमिटेड (आरवीएनएल) ने सर्वे प्रारम्भ कर दिया है। यह एकल और विद्युतीकृत लाइन होगी। पमरे की ओर से माल ढुलाई के राजस्व में सबसे बड़ा हिस्सा सीमेंट और क्लिंकर का है। अमानगंज के पास एक बड़े सीमेंट कारखाने की स्थापना हो रही है। इस प्लांट तक सामान की लोडिंग-अनलोडिंग से पमरे को राजस्व में बड़ा फायदा मिलेगा।

कटनी में अमहेटा भी जुड़ेगा
सीमेंट कम्पनियों को ढुलाई की सुविधा देने के लिए पमरे कटनी जिले में अमहेटा तक भी नई लाइन बना रहा है। यह लाइन अमहेटा में बन रहे नए सीमेंट प्लांट से कटनी-मैहर रेलखंड में झुकेही से जुड़ेगी। ये ङ्क्षक्लकर सीमेंट प्लांट है। इस फैक्ट्री से इसी साल से लोङ्क्षडग शुरू करने की तैयारी है। अमहेटा प्लांट में सालाना लगभग डेढ़ मिलियन टन और अमानगंज के पास बन रहे प्लांट में प्रतिवर्ष 3 मिलियन टन सीमेंट का उत्पादन होना है।

पमरे में लदान की स्थिति
कमोडिटी : कुल लदान में हिस्सेदारी
सीमेंट : 28 प्रतिशत
कोयला : 19 प्रतिशत
ङ्क्षक्लकर : 13 प्रतिशत
खाद्यान्न : 13 प्रतिशत
खाद : 10 प्रतिशत
आयरन ओर : 05 प्रतिशत
कंटेनर : 02 प्रतिशत
नोट: यह सामग्री पमरे में माल यातायात का कुल 90 प्रतिशत है।

अगले 5 साल में सौ मिलियन टन फ्रेट लोङ्क्षडग का मिशन

वर्ष : फ्रेट लोडिंग का लक्ष्य (मिलियन टन में)
2022-23 : 50 से ज्यादा
2023-24 : 60 से ज्यादा
2024-25 : 75 से ज्यादा
2025-26 : 90 से ज्यादा
2026-27 : 100 से ज्यादा
नोट: पमरे की ओर से लोडिंग का निर्धारित लक्ष्य।