
कांग्रेस का सरकार पर प्रहार (photo source- Patrika)
CG Politics News: लंबे वक्त के बाद बस्तर में कांग्रेस के आला नेता एक मंच पर जुटे। पीसीसी चीफ दीपक बैज की अगुवाई में कांग्रेस के सभी विधायकों, पूर्व विधायकों ने प्रदेश की भाजपा सरकार से तीखे सवाल पूछे। पत्रकारवार्ता लेते हुए विष्णुदेव सरकार पर तीखा हमला बोला।
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ का पैसा पश्चिम बंगाल और असम जैसे राज्यों में खर्च किया जा रहा है। जबकि प्रदेश खुद मूलभूत समस्याओं से जूझ रहा है। उन्होंने कानून-व्यवस्था की स्थिति को पूरी तरह ध्वस्त बताते हुए कहा कि बलात्कार,हत्या,चोरी और डकैती जैसे अपराध लगातार बढ़ रहे हैं और स्थिति इतनी भयावह हो गई है कि थानों में एफआईआर तक दर्ज तक नहीं की जा रही।
प्रेसवार्ता में नेताओं ने सरकार को हर मोर्चे पर घेरते हुए कहा कि 27 माह के कार्यकाल में प्रदेश को विकास की दिशा में कोई ठोस उपलब्धि नहीं मिली। पत्रवार्ता में पीसीसी चीफ दीपक बैज, बीजापुर विधायक विक्रम मंडावी, अतांगढ़ विधायक सावित्री मंडावी, जिलाध्यक्ष सुशील मौर्य, प्रेमशंकर शुक्ला, पूर्व विधाायक रेखचंद जैन, उमाशंकर शुक्ला आदि वरिष्ठ कांग्रेसी मौजूद थे।
विधानसभा के उप नेता प्रतिपक्ष और बस्तर विधायक लखेश्वर बघेल ने कहा कि प्रदेश में आदिवासी मुख्यमंत्री होने के बावजूद स्थानीय युवाओं को भर्ती में प्राथमिकता नहीं मिल रही, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस जल्द ही राष्ट्रपति से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपेगी।
पूर्व पीसीसी अध्यक्ष मोहन मरकाम ने आरोप लगाया कि बस्तर को नक्सलमुक्त करने के नाम पर उद्योगपतियों को सौंपने की साजिश रची जा रही है, जिससे स्थानीय संसाधनों पर बाहरी नियंत्रण बढ़ेगा। उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता सिर्फ बस्तर का विकास होना चाहिए। पूर्व विधायक रेखचन्द जैन ने आरोप लगाया कि रोजगार,शिक्षा और बुनियादी सुविधाओं के मोर्चे पर भी सरकार की नाकामी सबके सामने आ चुकी है।
पीसीसी चीफ दीपक बैज ने मांग उठाई कि एनएमडीसी का मुख्यालय हैदराबाद से हटाकर बस्तर में स्थापित किया जाए, ताकि स्थानीय युवाओं को रोजगार के अधिक अवसर मिल सकें। उन्होंने कहा कि जब बस्तर में हवाई सेवा और सड़क कनेक्टिविटी विकसित हो चुकी है,तो मुख्यालय यहां लाने में कोई बाधा नहीं होनी चाहिए।
साथ ही उन्होंने यह भी मुद्दा उठाया कि नक्सल प्रभावित क्षेत्रों के नाम पर बंद किए गए 10763 स्कूलों में से आज भी लगभग 40 प्रतिशत स्कूल बंद हैं, जिससे शिक्षा व्यवस्था प्रभावित हो रही है। हाईकोर्ट की खंडपीठ स्थापित हो: प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने पत्रवार्ता के दौरान कहा कि बस्तर के लोगों के लिए उच्च न्यायालय तक पहुंचना मुश्किल होता जा रहा है। ऐसे में जगदलपुर में हाई कोर्ट की खंडपीठ स्थापित होनी चाहिए।
Published on:
12 Apr 2026 11:42 am
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