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नक्सल गढ़ चिंतलनार में स्व सहायता समूह द्वारा हवाई चप्पल निर्माण

सुकमा . जिले की अति नक्सल प्रभावित इलाका चिंतलनार में महिला स्व सहायता समूह के माध्यम से हवाई चप्पल निर्माण का कार्य प्रारंभ किया है। सीआरपीएफ 223 बटालियन के अधिकारियों के प्रयास संभव हो पाया है, सीआरपीएफ के अधिकारियों ने महिला स्व सहायता समूह के माध्यम से हवाई चप्पल निर्माण के लिए 1 सप्ताह का प्रशिक्षण दिया गया। जिसके बाद इन महिलाओं ने हवाई चप्पल निर्माण करना प्रार

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पहले ही दिन स्टॉल लगाकर 36 जोड़ी चप्पल बेचकर 25 सौ रुपए की बिक्री की

पहले ही दिन स्टॉल लगाकर 36 जोड़ी चप्पल बेचकर 25 सौ रुपए की बिक्री सीआरपीएफ 223 बटालियन ने हवाई चप्पल निर्माण के लिए दिया प्रशिक्षण

महिलाओं में काफी उत्साह देखने को मिल रहा है वहां इसी प्रकार से आगे भी कार्य करने की बात कही। सीआरपीएफ 223 वीं वाहिनी के द्वारा चिंतलनार में स्वयं सहायता समूह माँ शारदा समूह समिति की 20 महिलाओं को एक सप्ताह का हवाई चप्पल बनाने का प्रशिक्षण दिया गया। सीआरपीएफ 223वीं वाहिनी कमाण्डेंट रघुवंश कुमार के दिशा-निर्देश में द्वितीय कमान अधिकारी नितिन कुमार, सहायक कमाण्डेंट शशांक शेखर की देखरेख में सी-एफ- 223 चिन्तलनार मे एक सप्ताह का प्रशिक्षण शिविर 19 से 25 मार्च तक चलाया गया। प्रशिक्षण के उपरान्त चप्पल बनाने की मशीन एवं सामग्री स्वयं सहायता समूह को प्रदान की गई। इन महिलाओं द्वारा प्रशिक्षण के दौरान 275 जोडी चप्पल विभिन्न साईज के बनाए गए।
20 महिलाओं को दिया चप्पल बनाने का प्रशिक्षण : शारदा स्वयं सहायता समूह की प्रमुख मोनिका जोजी ने बताया कि सीआरपीएफ के द्वारा कुल 20 महिलाओं को चप्पल बनाने का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण के दौरान प्रशिक्षणार्थियों के लिए खाने-नास्ते का भी प्रबन्ध किया गया। इस तरह की कल्याणकारी योजनाओं से प्रत्येक घर की महिलाओं को रोजगार मिलेगा।
आने वाले दिनों में यह आजीविका का साधन
चिन्तलनार के स्थानीय बाजार में सीआरपीएफ बल के सहयोग से स्टॉल लगाया गया, जिसमें समूह की महिलाओं द्वारा 36 जोडी चप्पल की बिकी हुई, जिससे 25 सौ रूपये की आमदनी माँ शारदा समूह समिति को हुई। अपने पहले प्रयास में आशातीत सफलता से ग्रुप की महिलाएं काफी उत्साहित हुई और आने वाले दिनों में यह आजीविका का अच्छा साधन रहेगा।