
gas cylinder
जयपरुर। प्रदेश में 96 लाख एलपीजी उपभोक्ताओं को लगातार दूसरे महीने जून में सब्सिडी नहीं मिलेगी। इससे पहले मई महीने में भी सब्सिडी नहीं मिली थी। दरअसल, तेल कंपनियों ने रसोई गैस सिलेंडर की कीमत इतनी कम कर दी कि सिलेंडर की रियायती दर और बाजार भाव बराबर हो गए। बराबर होने के बाद लगातार दूसरे महीने उपभोक्ताओं के खाते में सब्सिडी जमा नहीं की जाएगी। हालांकि, इस महीने में घरेलू गैस सिलेंडर का मूल्य 11.50 रुपए बढ़ाया गया है। यह वृद्धि सिलेंडर के बेस प्राइस (आधार मूल्य) में की गई है। प्रदेश में 1.60 करोड़ उपभोक्ताओं में से 60 फीसदी सब्सिडी ले रहे हैं।
साल 2013 के बाद पहली बार हुई है बंद
गौरतलब है कि रियायती दर और बाजार भाव के अंतर का राशि ही सब्सिडी के रूप में उपभोक्ताओं के खाते में जमा कराई जाती है। साल 2013 में गैस सब्सिडी की शुरुआत हुई थी। साल 2013 के बाद से पहली बार मई-जून महीने में सब्सिडी नहीं दी गई है।
731 से 594.50 रुपए पर आया गैस सिलेंडर
अप्रेल महीने में 14.2 किलो का बिना सब्सिडी के घरेलू गैस सिलेंडर का मूल्य 731 रुपए था। इस पर उपभोक्ताओं को 147.67 रुपए की सब्सिडी मिली थी। जो उनके खातों में सीधे ही जमा हुई थी। सब्सिडी को घटा दिया जाए तो उपभोक्ता को सिलेंडर 583.33 रुपए में मिला था। इसके बाद मई महीने में तेल कंपनियों ने सिलेंडर की कीमत ही घटाकर 583 रुपए कर दी। हालांकि, जून में सिलेंडर की बेस कीमत में वृद्धि कर 594.50 रुपए कीमत निर्धारित की गई है। इसमें से किसी प्रकार की सब्सिडी उपभोक्ताओं को नहीं मिलेगी।
Published on:
3 Jun 2020, 5:58 PM IST
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