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Right To Education के तहत निजी स्कूलों में एडमिशन शुरू, ऐसे कर सकेंगे आवेदन

प्रदेश में पहली बार निजी स्कूलों में प्री प्राइमरी क्लास से पहली कक्षा तक आरटीई RTE Rajasthan के तहत एडमिशन होंगे। साथ ही निजी स्कलों की 25 फीसद सीटों पर निर्धन छात्रों को निशुल्क एडमिशन दिया जाएगा।

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Right To Education के तहत बुधवार ने स्कूलों के लिए प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है। इसके तहत 29 मार्च से 10 अप्रैल तक एडमिशन ऑनलाइन आवेदन किया जा सकेगा। स्कूलों में आवेदन के बाद 12 अप्रैल को विद्यार्थियों की लॉटरी जारी की जाएगी। राइट टू एजेकेशन के लिए वरीयता के हिसाब से पांच स्कूलों का चुुनाव करना होगा, साथ पहले से आरटीई में आवेदन कर चुके स्टूडेंट्स इसमें हिस्सा नहीं ले पाएंगे।

प्रदेश में पहली बार निजी स्कूलों में प्री प्राइमरी क्लास से पहली कक्षा तक आरटीई RTE Rajasthan के तहत एडमिशन होंगे। साथ ही निजी स्कलों की 25 फीसद सीटों पर निर्धन छात्रों को निशुल्क एडमिशन दिया जाएगा। राजस्थान आरटीई स्कूल एडमिशन फॉर्म 2023 के लिए शिक्षा विभाग ने नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। राजस्थान में आरटीई Right To Educatio पोर्टल पर लगभग 40,000 प्राइवेट स्कूलें रजिस्टर्ड हैं जिनमें निर्धन स्टूडेंट्स को प्रवेश मिल सकता है।

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नर्सरी, एलकेजी और यूकेजी में भी मिलेगा दाखिला

आरटीई के तहत प्राइमरी कक्षा में भी 3 कक्षाएं संचालित होती हैं इनमें पीपी 3 प्लस (नर्सरी), पीपी 4 प्लस(एलकेजी )और पीपी 5 प्लस (यूकेजी)शामिल है। इस प्रकार तीनों प्राइमरी कक्षाओं और प्रथम कक्षा में प्रवेश के लिए अभ्यर्थी ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। इस तरह 4 कक्षाओं में आवेदन होने से अधिक आवेदन फॉर्म जमा होंगे। प्राइवेट स्कूलें कोई आवेदन को रिजेक्ट नहीं कर सकती हैं।

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ये कर सकते हैं आवेदन
जिनकी पारिवारिक सालाना आय 2.50 लाख रुपये से कम है. इसके अलावा SC, ST, अनाथ बालक, एचआईवी तथा कैंसर पीड़ित बच्चे या ऐसे अभिभावक के बच्चे युद्ध विधवा, निशक्त बालक, बीपीएल के बच्चे आवेदन कर सकते हैं। ऐसे विद्यार्थी जिनकी अभिभावकों की वार्षिक आय 2.50 लाख रुपए या इससे कम होनी चाहिए। अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति के बालक, अनाथ बालक, निशक्त बालक, एचआईवी अथवा कैंसर से प्रभावित बालक अथवा एचआईवी या कैंसर से प्रभावित माता-पिता या संरक्षक के बालक।

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2010 से लागू हुआ था शिक्षा का अधिकार अधिनियम
निशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009, राजस्थान में 1 अप्रैल से लागू हुआ है। इसके अनुसार प्राइवेट विद्यालयों की कक्षा एक एवं पूर्व विद्यालय शिक्षा की सभी कक्षाओं में 25% सीट पर दुर्बल वर्ग एवं असुविधा ग्रस्त समूह के बालक बालिकाओं को प्रवेश देकर 8वीं तक की निशुल्क शिक्षा उपलब्ध करवाई जाएगी। जिसे वर्तमान में मुख्यमंत्री द्वारा 12वीं कक्षा तक कर दिया है।


स्कूल ऐडमिशन के लिए आयु सीमा
प्री प्राइमरी 3 प्लस : 3 वर्ष या उससे अधिक लेकिन 4 वर्ष से कम।
प्री प्राइमरी 4 प्लस : 3 वर्ष 6 माह या उससे अधिक परंतु 5 वर्ष से कम।
प्री प्राइमरी 5 प्लस : 4 वर्ष 6 माह या उससे अधिक परंतु 6 वर्ष से कम।
प्रथम क्लास : 5 वर्ष से अधिक लेकिन 7 वर्ष से कम

बीपीएल सूची के अभ्यर्थी
माता-पिता की वार्षिक आय का एक प्रमाण-पत्र
निवास प्रमाण पत्र (बच्चे और माता-पिता दोनों का)
आयु प्रमाण (आधार कार्ड / राशन कार्ड / जन्म प्रमाण पत्र)
जाति प्रमाण पत्र
अनाथालय का प्रमाण पत्र
विकलांगता प्रमाण पत्र
अगर एचआईवी / कैंसर प्रभावित पंजीकृत डायग्नोस्टिक सेंटर की रिपोर्ट
बीपीएल कार्ड
वैलिड मोबाइल नंबर का होना बहुत जरुरी हैं।