25 जनवरी 2026,

रविवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अदालती आदेश में जाति लिखने पर एडवोकेट ने सीजेआई पत्र लिखकर जताया विरोध

(Court) कोर्ट में पेश होने वाले (affidavits) हलफनामों व अन्य दस्तावेजों सहित (cause title) कॉज टाईटल में याचिकाकर्ता की जाति लिखने के खिलाफ (Delhi) दिल्ली के एक (Advocate) एडवोकेट पाई अमित ने (Supreme court Of India) सुप्रीम कोर्ट के (CJI) मुख्य न्यायाधीश को पत्र लिखा है।

less than 1 minute read
Google source verification
अदालती आदेश में जाति लिखने पर एडवोकेट ने सीजेआई पत्र लिखकर जताया विरोध

अदालती आदेश में जाति लिखने पर एडवोकेट ने सीजेआई पत्र लिखकर जताया विरोध

जयपुर
(Court) कोर्ट में पेश होने वाले (affidavits) हलफनामों व अन्य दस्तावेजों सहित (cause title) कॉज टाईटल में याचिकाकर्ता की जाति लिखने के खिलाफ (Delhi) दिल्ली के एक (Advocate) एडवोकेट पाई अमित ने (Supreme court Of India) सुप्रीम कोर्ट के (CJI) मुख्य न्यायाधीश को पत्र लिखा है।
पत्र में कहा है कि कॉज टाईटल में जाति का उल्लेख करना बेहद निराशाजनक है क्यों कि हमारे संविधान और कानून में जाति का कोई स्थान नहीं है और यह समानता के अधिकार के विपरीत है। एडवोकेट पाई अमित का कहना है कि उनकी राय में अदालती कार्यवाही में जाति का उल्लेख करने का कोई स्थान नहीं होना चाहिए। संप्रभू राष्ट्र की जनता की ओर से स्वयं को संविधान देने के 70 साल बाद भी जाति या धर्म का उल्लेख करने से साफ है कि समाज में आज भी पूर्वाग्रह गहरे तक बैठा हुआ है। पत्र में सीजेआई से इस संबंध में उचित कदम उठाने का आग्रह किया है। पाई ने पत्र के साथ राजस्थान हाईकोर्ट का शुक्रवार को जारी हुआ जमानत का आदेश भी भेजा है जिसके कॉज टाईटल में याचिकाकर्ता की जाति का उल्लेख किया गया है।

बड़ी खबरें

View All

जयपुर

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग