16 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Pushkar: मिली मंजूरी, दिव्यांगों की सुविधा के लिए पुष्कर के ब्रह्माजी मंदिर में लगेगी लिफ्ट

अजमेर जिला प्रशासन ने दिव्यांग श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पुष्कर में ब्रह्मा मंदिर के मुख्य द्वार तक जाने वाली 17 सीढ़ियों के साथ-साथ एक लिफ्ट बनाने का फैसला किया है। जिला कलक्टर अंशदीप ने बताया कि अजमेर प्रशासन को पुरातत्व विभाग से लिफ्ट बनाने की अनुमति मिल गयी है।    

2 min read
Google source verification

जयपुर

image

Amit Purohit

Jan 14, 2023

pushkar.jpg

जिला कलक्टर अंशदीप ने बताया, हमें मंदिर परिसर के बाहर एक लिफ्ट बनाने के लिए राज्य के पुरातत्व विभाग से अनुमति मिली है, जिसके लिए हमें भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) की अनुमति की आवश्यकता नहीं है। हम (मंदिर) के बाहर लिफ्ट का निर्माण करेंगे और इसे एक प्लेटफॉर्म से जोड़ेंगे जो उन्हें ब्रह्मा मंदिर के मुख्य द्वार तक ले जाएगी। इससे विशेष रूप से विकलांग भक्तों को दर्शन करने में मदद मिलेगी।

पिछले दिसंबर माह में कलक्टर ने प्रस्तावित कार्य का एस्टीमेट तैयार करने के निर्देश अधिकारियों व इंजीनियरों को दिए थे। जिला कलक्टर की अध्यक्षता में गठित मंदिर प्रबंधन समिति ने पिछले महीने इस संबंध मे मीटिंग की थी। तब कलेक्टर अंशदीप ने कहा था, हमने एक लिफ्ट बनाने का फैसला किया है। कुछ लोग ऐसे हैं जो लिफ्ट के निर्माण के लिए चंदा देने को तैयार हैं। यदि वे नहीं करते हैं, तो हमारे पास अपना कोष (मंदिर प्रबंधन कोष) है।

इकलौता ब्रह्मा मंदिर
सुरम्य पुष्कर घाटी में स्थित ब्रह्मा मंदिर भारतीयों के दिलों में एक विशेष स्थान रखता है। यह दुनिया का एकमात्र मंदिर है जो भगवान ब्रह्मा को समर्पित है। संगमरमर से निर्मित और चांदी के सिक्कों से सजाए गए इस मंदिर की पहचान इसके लाल शिखर और हंस की छवि (भगवान ब्रह्मा के लिए पवित्र मानी जाती है) से की जा सकती है। भगवान ब्रह्मा की चतुर्मुखी (चार मुख वाली) मूर्ति को आंतरिक गर्भगृह में रखा गया है। मंदिर में सूर्य देवता की एक संगमरमर की मूर्ति प्रहरी है। दिलचस्प बात यह है कि जहां सभी देवताओं को नंगे पैर दिखाया गया है, वहीं सूर्य को प्राचीन योद्धा के जूते पहने हुए दिखाया गया है।

यह भी पढ़ें:
हर आंख में भरेगा उजियारा..राजस्थान बना अंधता निवारण नीति वाला पहला राज्य