13 अगस्त 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Rajasthan: ‘लक्खी पदयात्रा की तैयारियों में अव्यवस्था’, अशोक गहलोत बोले- हिंदू धर्म की राजनीति करने वाली BJP का सच आया सामने

Ashok Gehlot : लक्खी पदयात्रा को लेकर राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने राजस्थान की भाजपा सरकार पर तंज कसा। कहा- श्रद्धालुओं की आस्था के साथ यह लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जा सकती है।
2 min read
Google source verification
ashok gehlot said lakhi padyatra huge chaos bjp truth came out

Lakhi Padyatra : राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत। फाइल फोटो पत्रिका

Ashok Gehlot : प्रदेश की सबसे बड़ी कल्याणधणी की 18 अगस्त को जयपुर से रवाना होने वाली लक्खी पदयात्रा में लाखों श्रद्धालुओं के शामिल होने की तैयारी है, लेकिन यात्रा मार्ग पर व्यवस्थाओं को लेकर जिम्मेदार महकमों के बीच अब तक ठोस रोडमैप सामने नहीं आया है। लक्खी पदयात्रा में अव्यवस्था पर राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भाजपा सरकार पर तंज कसते हुए कहा- श्रद्धालुओं की आस्था के साथ यह लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जा सकती है।

कांग्रेस के दिग्गज नेता अशोक गहलोत ने आज सोशल मीडिया अकाउंट X पर लिखा कि हिन्दू धर्म के नाम पर राजनीति करने वाली भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की सच्चाई अब जनता समझने लगी है और प्रदेश की सबसे बड़ी लक्खी पदयात्रा से पहले सांगानेर से रेनवाल तक के 25 किलोमीटर यात्रा मार्ग की जो हकीकत सामने आई है, वह भाजपा सरकार और स्थानीय प्रशासन की गंभीर लापरवाही को उजागर कर रही है।

नगर निगम, JDA, सड़क निर्माण निगम जिम्मेदार, पर तैयारियां फिर भी अधूरी

अशोक गहलोत ने कहा कि जगह-जगह टूटी सड़कें, बारिश से बने गहरे गड्ढे, डेढ़ साल से सफाई न हुए नाले, यह सब उन रास्तों पर हैं जहां से 18 अगस्त से शुरू हो रही प्रदेश की सबसे बड़ी लक्खी पदयात्रा में लाखों श्रद्धालु गुजरेंगे। उन्होंने कहा कि स्थानीय निवासियों ने बार-बार शिकायत की, लेकिन डेढ़ साल से कोई सफाई नहीं हुई। नगर निगम, जेडीए और सड़क निर्माण निगम के जिम्मेदार होने के बावजूद तैयारियां अधूरी हैं।

बर्दाश्त नहीं की जा सकती यह लापरवाही

अशोक गहलोत ने कहा कि श्रद्धालुओं की आस्था के साथ यह लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जा सकती। सरकार को यात्रा मार्ग की मरम्मत, सफाई और सुरक्षा व्यवस्था तुरंत सुनिश्चित करनी चाहिए, ताकि किसी दुर्घटना से बचा जा सके।

लक्खी पदयात्रा की राह के इंतजामों का रोडमैप अब तक अधूरा

जुबां पर कल्याणधणी के जयकारे, आंखों में दर्शन की आस। 18 अगस्त से लाखों श्रद्धालु इसी भाव के साथ प्रदेश की सबसे बड़ी करीब 90 किलोमीटर की लक्खी पदयात्रा पर ताड़केश्वर महादेव मंदिर से निकलेंगे। टोंक जिले के डिग्गी स्थित कल्याणधणी मंदिर तक पहुंचने की इस राह में श्रद्धालुओं के लिए सिर्फ थकान, छालों की परीक्षा नहीं होगी, बल्कि टूटी सड़कों, बारिश से बने गड्‌ढ़ों और निर्माण कार्यों से भी सामना होगा। जयपुर के अलावा टोंक, दौसा, अजमेर, सवाई माधोपुर, नागौर और सीकर सहित प्रदेशभर से 9 लाख से अधिक श्रद्धालु निकलेंगे। पदयात्रा 22 अगस्त को डिग्गी पहुंचेगी।

जयपुर से रवाना होने वाली लक्खी पदयात्रा में लाखों श्रद्धालुओं के शामिल होने की तैयारी है, लेकिन यात्रा मार्ग पर व्यवस्थाओं को लेकर जिम्मेदार महकमों के बीच अब तक ठोस रोडमैप सामने नहीं आया है। वीवीआइपी मूवमेंट और बड़ी रैलियों के लिए जहां पहले से बैठकें कर व्यवस्थाएं तय की जाती है, वहीं श्रद्धालुओं की इस बड़ी पदयात्रा के लिए कई विभाग अब तक बैठक तक नहीं कर पाए हैं।