जयपुर। राजधानी जयपुर में अब तक किराये या किसी अन्य भवन में चल रहे सरकारी दफ्तरों के लिए को खुद की जमीन मिल गई हैं। सरकारी कार्यालयों के साथ श्मशान, कब्रिस्तान और आबादी विस्तार के लिए भी भूमि का आवंटन के प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई हैं। 25 अलग अलग विभागों को बडी राहत मिली हैं। जयपुर जिले में 12 उपखंडों में 704 सरकारी कार्यालयों, पीएचसी, सीएचसी, श्मशान, कब्रिस्तान और आबादी विस्तार के लिए जमीनों का आवंटन किया गया हैं। जिसका फायदा संबंधित विभागों को होगा। क्योंकि अब तक कुछ सरकारी दफ्तर किराए की जगह या फिर किसी अन्य विभाग के दफ्तरों से संचालित हो रहे हैं। जिसके कारण रिकॉर्ड रखने के साथ स्टॉफ को बैठने में दिक्कतों का सामना करना पड रहा था।
जिला कलक्टर प्रकाश राजपुरोहित ने बताया की जयपुर जिले के गांवों और पंचायतों में फैसेलिटी की जमीन के आवंटन के लम्बित पड़े मामलों के निस्तारण के लिए एक टीम बनाई थी। जिसमें अलग अलग विभागों से आवेदन मिले थे। इनमें से 346 प्रस्तावों का जमीन आवंटन सरकारी कार्यालयों, स्वास्थ्य केंद्रों, पीएचईडी, राजस्व, कृषि, पशुपालन विभाग के ऑफिस के लिए किया गया हैं। 160 प्रस्तावों के अनुसार भूमि मोक्षधाम-कब्रिस्तान और आबादी विस्तार के लिए सेट-अपार्ट की गई हैं। साथ में 198 प्रस्तावो के अनुसार भूमि भविष्य में खोले जाने वाले सरकारी कार्यालयों के लिए सेट-अपार्ट कर आरक्षित की गई हैं। खास बात यह है कि इसके लिए स्थानीय स्तर पर शिविर लगाए गए और कई वर्षों से लम्बित पड़े मामलों का निपटारा किया गया। पंचायती राज विभाग के 122 प्रस्तावों का अनुमोदन कर भूमि दी गई है। इनमें सर्वाधिक पंचायत भवन के लिए हैं। वहीं 46 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों के लिए भी जमीन-भवन दिए गए हैं।