10 जुलाई 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

भाजपा के पास गहलोत की गारंटी के खिलाफ बोलने के लिए कुछ नहीं: खेड़ा

कांग्रेस के मीडिया एवं पब्लिसिटी विभाग के चेयरमेन पवन खेड़ा ने कहा हैं कि भाजपा के जो केन्द्रीय नेता राजस्थान में आ रहे हैं उनके पास राजस्थान की अशोक गहलोत सरकार की जनता को दी गई गारंटियों के विरूद्ध बोलने के लिये कुछ नहीं है
less than 1 minute read
Google source verification

जयपुर

image

Rahul Singh

Nov 18, 2023

भाजपा के पास गहलोत की गारंटी के खिलाफ बोलने के लिए कुछ नहीं: खेड़ा

भाजपा के पास गहलोत की गारंटी के खिलाफ बोलने के लिए कुछ नहीं: खेड़ा

कांग्रेस के मीडिया एवं पब्लिसिटी विभाग के चेयरमेन पवन खेड़ा ने कहा हैं कि भाजपा के जो केन्द्रीय नेता राजस्थान में आ रहे हैं उनके पास राजस्थान की अशोक गहलोत सरकार की जनता को दी गई गारंटियों के विरूद्ध बोलने के लिये कुछ नहीं है, इसलिये केवल हिन्दू-मुस्लिम पर बोलकर भाजपा नेता चले जाते हैं। राजस्थान में कांग्रेस सरकार ने 5 वर्ष में जो जनकल्याणकारी कार्य किए, उनकी काट भाजपा के पास नहीं है, उसका जवाब देने की हिम्मत व हैसियत भाजपा नेताओं के पास नहीं है।

खेड़ा ने कहा कि राजस्थान एक शांत राज्य है, यहां पड़ौसी राज्य का एक मुख्यमंत्री आकर राजस्थान को भी अशांत राज्य बनाना चाहता है, जो स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने कहा कि पड़ौसी भाजपा शासित राज्य में पुलिस वाले भी सुरक्षित नहीं है जबकि राजस्थान में दलितों, महिलाओं अथवा किसी भी प्रकार का अपराध होने पर 24 से 48 घण्टे में अपराधी पुलिस की गिरफ्त में होता है। उन्होंने आरोप लगाया कि केन्द्रीय कृषि मंत्री के बेटे पर गांजे की खेती करने का आरोप है लेकिन ईडी, सीबीआई, इनकम टैक्स कार्यवाही करने की बजाय नदारद है। उन्होंने कहा कि क्यों केन्द्रीय मंत्री नरेन्द्र तोमर के घर पर ईडी, सीबीआई दस्तक नहीं देती है।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस जानना चाहती है केन्द्रीय कृषि मंत्री नरेन्द्र तोमर के विरूद्ध कब कार्रवाई होगी और कब उनका बेटा गिरफ्तार होगा। उन्होंने कहा कि भाजपा शासित उत्तर प्रदेश के हाथरस में आधी रात को लडक़ी की लाश को जला देते हैं और यहॉं आकर कानून-व्यवस्था पर ज्ञान देते हैं। उन्होंने कहा कि लाल डायरी की चर्चा करते हैं लेकिन क्या गांजे की खेती केन्द्रीय मंत्री का बेटा कर रहा है ऐसा जिक्र होगा, क्या संजीवनी घोटाले का उसमें जिक्र होगा।